परौर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मरीज की दवा लिखते डाॅ.इमरान खान। संवाद
शाहजहांपुर। भीषण सर्दी में खांसी-बुखार और जुकाम जैसी मौसमी बीमारियां लोगों को जकड़ रही हैं। बच्चों और बुजुर्गों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होने से उन पर इन बीमारियों का असर ज्यादा दिख रहा है। रविवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर आयोजित जन आरोग्य मेलों में पहुंचे मरीजों की जांच में अधिकतम मरीज मौसमी बीमारियों से पीड़ित पाए गए।
तिलहर। राजनपुर पीएचसी में प्रभारी डॉ. अभिषेक जौहरी ने 80 मरीज देखे और इनमें से 25 मरीजों की आवश्यक जांचें कराकर सभी को दवाएं दीं। उन्होंने शीतलहर और कोहरे के दौरान मरीजों को ठंड से बचाव करने के लिए गर्म कपड़े पहनने की सलाह दी। रमापुर पीएचसी में डॉक्टर का पद रिक्त होने से वहां फार्मासिस्ट संजीव कुमार ने 50 मरीजों का उपचार किया और इनमें से 30 मरीजों की जांच के लिए उनके रक्त के नमूने लिए। कुंवरगंज पीएचसी में डॉ.अनुराग गुप्ता ने 55 मरीजों को दवाएं देने के साथ इनमें से 30 मरीजों की जांचें भी कराईं।
खुदागंज। हसनापुर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में लगे मुख्यमंत्री आरोग्य मेले में डॉ. फहीम खां ने 19 मरीज देखे। इनमें सर्दी के कारण बुखार से आठ, खांसी और सांस रोग से छह मरीज पीड़ित मिले। इसके अलावा चर्म रोग के चार और एक अन्य मरीज की जांचकर सभी को दवाएं दी गईं। मरीजों की जांच में वार्ड बॉय बिशन दयाल, एलटी योगेंद्र पाल, फार्मासिस्ट कन्हैया लाल आदि का सहयोग रहा।
परौर। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में लगे मुख्यमंत्री आरोग्य मेला में डॉ. इमरान खां ने लगभग 25 मरीजों की जांच कर उनका उपचार किया। इनमें अधिकतर मरीज खांसी, बुखार, कोहरे के कारण एलर्जी और जुकाम से पीड़ित पाए गए। डॉक्टर की संस्तुति पर एलटी आदित्य कुमार गौतम ने कई मरीजों की हीमोग्लोबिन, टाइफाइड, मलेरिया, शुगर और बीपी की जांच की।
डॉक्टर ने जुकाम और बुखार से पीड़ित लोगों को दवाएं लेने के साथ गर्म कपड़े पहनकर बाहर निकलने और गुनगुने पानी का सेवन करने की सलाह दी। इस दौरान स्वास्थ्य कर्मचारी योगेंद्र कुमार सिंह, बबली चौहान आदि मौजूद रहे।