दिवाली के मौके पर मिठाइयों, खोया और अन्य दुग्ध उत्पादों समेत खाद्य वस्तुओं में मिलावट रोकनेे को खाद्य सुरक्षा विभाग सोमवार से नमूने लेने का विशेष अभियान शुरू करेगा। इस संबंध में एडीएम वित्त एवं राजस्व सर्वेश दीक्षित ने जिला स्तरीय सतर्कता समिति की बैठक में खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों को सोमवार से पांच दिवसीय विशेष सैंपलिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए। साथ ही बैठक में मौजूद व्यापारी नेताओं से इसमें सहयोग मांगा। खाद्य वस्तुओं के नमूने लिए जाने के दौरान व्यापारियों की ओर से अनावश्यक विरोध नहीं हो, इसके लिए बैठक में विभिन्न व्यापार संगठनों के पदाधिकारियों को भी आमंत्रित किया गया। व्यापार मंडल कंछल गुट के जिला महामंत्री मनोज खन्ना ने त्योहारों के मौके पर छापेमारी से व्यापारियों को होने वाली असुविधा का उल्लेख करते हुए कहा कि दुकानों का नियमित निरीक्षण किया जाना चाहिए। इस पर एडीएम दीक्षित ने शासन से मिले दिशा निर्देशों का उल्लेख करते हुए कहा कि होली-दिवाली जैसे त्योहारों पर मिठाइयों की खपत बढ़ने से दूध और उससे निर्मित पदार्थों में मिलावट की शिकायतें बढ़ जाती हैं। खुशी के मौकों पर फूड प्वॉयजनिंग से लोग बीमार न हों, इसी उद्देश्य से अधोमानक खाद्य वस्तुओें की बिक्री रोकने के प्रयास किए जाते हैं। उन्होंने खाद्य सुरक्षा विभाग के अफसरों समेत अन्य संबंधित अधिकारियों को 24 से 28 अक्तूबर तक दूध और उससे निर्मित अन्य उत्पादों के नमूने लेने का अभियान शुरू करने के निर्देश दिए। इस मौके पर व्यापारी नेताओें ने एडीएम से कहा कि मिठाई, होटल आदि ऐसे कई व्यवसाय हैं, जिनसे संबंधित व्यापारी कम पढ़े-लिखे होने के कारण सरकारी नियमों की अपेक्षित जानकारी नहीं रखते और उनसे अनजाने में अपमिश्रण जैसा अपराध हो जाता है। इसलिए ऐसे व्यापारियों के लिए विभाग स्तर पर ट्रेड वार कार्यशालाएं आयोजित की जानी चाहिए। अधिकारियों ने इस सुझाव पर गंभीरता से विचार करने को आश्वस्त किया। बैठक में सिटी मजिस्ट्रेट विजय शंकर दुबे, खाद्य सुरक्षा विभाग के अभिहीत अधिकारी टीआर रावत, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी डीपी सिंह, विधिक माप विज्ञान अधिकारी विजय मिश्रा, व्यापारी नेता प्रभात रंजन पांडेय, सुनील गुप्ता, अमित शर्मा आदि मौजूद रहे।