निगोही। विकास खंड मुख्यालय से 12 किमी दूर बसी ग्राम पंचायत ऊनकलां विकास से कोसों दूर है। गांव में न शिक्षा की समुचित व्यवस्था है और न ही चिकित्सा की। रास्तों में भरे गंदे पानी से ग्रामीणों का निकलना मुश्किल हो जाता है। इस बार भी ग्रामीणों ने आलिम खान की पत्नी नाजरीन बेगम को दोबारा प्रधान चुना है। प्रधान का कहना है कि जो भी समस्याएं है उनका निराकरण होगा। इंटर कॉलेज का निर्माण कराया जाएगा तो सफाई व्यवस्था भी दुरुस्त कराई जाएगी।
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एक नजर
आबादी - आठ हजार
साक्षरता- 50 प्रतिशत
शिक्षा व्यवस्था-प्राथमिक विद्यालय, पूर्व माध्यमिक विद्यालय
व्यवसाय-कृषि और मजदूरी
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गांव की समस्याएं
-गंदे पानी की निकासी नहीं
-नाली, खड़ंजा नहीं
-श्मशानस्थल नहीं
-कब्रिस्तान की जगह कम है
-हाईस्कूल-इंटर कॉलेज नहीं है
-पेयजल के लिए पानी की टंकी नहीं
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प्रधान का एजेंडा
ग्राम प्रधान नाजरीन बेगम कहती हैं कि सबसे बड़ी प्राथमिकता गांव की शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करना है। कोशिश रहेगी कि बच्चों को इंटर तक की शिक्षा के लिए भटकना न पड़े। गांव के रास्तों को ठीक कराया जाएगा। गंदे पानी की निकासी कराकर इंटरलॉकिंग बनवाई जाएगी। सफाई व्यवस्था को बेहतर किया जाएगा। प्रशासनिक अधिकारियों और क्षेत्रीय विधायक रोशनलाल वर्मा के साथ मिलकर ग्रामीणों को बच्चों की शिक्षा के लिए जागरूक करेंगी।
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ग्राम पंचायत ऊनकलां के लिए लंबे समय से आयुर्वेदिक चिकित्सालय स्वीकृत है। भवन के अभाव में आयुर्वेदिक चिकित्सालय लोहरगवां पीएचसी पर चल रहा है। चिकित्सालय बनने से लोगों को यहीं पर चिकित्सा का लाभ मिलेगा।
-तैयब खां
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शादी समारोह टेंट लगा कर आयोजित किए जाते हैं। बरसात में दिक्कत उठानी पड़ती है। गांव में बरातघर का निर्माण कराया जाना चाहिए। हैंडपंप अपर्याप्त हैं, यहां पेयजल के लिए पानी की टंकी का निर्माण किया जाएगा।
-तौसीफ अहमद
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कक्षा आठ उत्तीर्ण करने के बाद यहां के बच्चे उच्च शिक्षा के लिए शाहजहांपुर या बरेली जाते हैं। गरीब बच्चों के सामने शिक्षा की बड़ी समस्या खड़ी हो जाती है। गांव में इंटर कॉलेज की स्थापना बड़ी जरूरत है।
-हाजी अशफाक
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विद्यालय के सामने घनी बस्ती के बीच तालाब है। इस तालाब में गंदगी के कारण संक्रामक रोग फैल सकते हैं। तालाब के पानी को निकालने के लिए नाला बनना चाहिए। सफाई व्यवस्था बेहतर की जाए।
-नन्हें अली