खुटार के गांव रामपुर कलां में नरेंद्र कुमार से बात करती पुलिस। संवाद
खुटार। क्षेत्र के लोग डायल-112 पर अजब-गजब शिकायतें करने लगे हैं। पुलिसकर्मी जब मौके पर पहुंचते हैं तो पता चलता है कि उस मामले में उन्हें बुला लिया गया, जहां उनकी जरूरत ही नहीं थी। ऐसे में कई बार पुलिस को वास्तव में जहां पहुंचना होता है, वहां नहीं पहुंच पाती। सोमवार को खुटार क्षेत्र में ऐसे ही दो मामले सामने आए।
कस्बा निवासी गुड्डू ने 160 रुपये में स्मार्टफोन का ऑनलाइन कवर मंगाया था। सोमवार को कंपनी का डिलीवरी बॉय आया। गुड्डू ने कवर मोबाइल फोन पर लगाने का प्रयास किया तो पता चला कि वह छोटा है। गुड्डू ने डिलीवरी बॉय से तत्काल रुपये वापस करने और मोबाइल कवर वापस ले जाने के लिए कहा। उसने बताया कि रिफंड में डालने के बाद ही कवर की वापसी होगी, लेकिन गुड्डू ने रुपये वापस लेने की जिद पकड़ ली। डायल-112 पर कॉल कर पुलिस बुला ली। पुलिस ने मोबाइल कवर वापसी के लिए तय प्रक्रिया का पालन करने के लिए समझाया, तब जाकर बात गुड्डू की समझ में आई।
लखीमपुर के थाना मोहम्मदी के गांव गलरई निवासी नरेंद्र कुमार की ससुराल गांव पड़सर में है। वह भाई दूज पर पत्नी के साथ ससुराल आए थे। रविवार को नरेंद्र ने गांव रामपुरकलां में किराने की एक दुकान से 25 रुपये का गोला खरीदा था, जो खराब निकल गया। सोमवार को नरेंद्र उसे वापस करने पहुंचे तो दुकानदार ने कहा कि गोले को मौके पर देखकर लेना चाहिए था। वापसी में आधे रुपये ही मिलेंगे। इस पर नरेंद्र ने डायल-112 पर कॉल कर पुलिस बुला ली। पुलिस मौके पर पहुंची और मामूली विवाद जानने के बाद नरेंद्र के साथ ही दुकानदार को नसीहत दी कि इस तरह के मामूली विवाद में कॉल नहीं करनी चाहिए। हालांकि, दुकानदार ने गोला वापस कर लिया।
लोगों को समझाना चाहिए कि पुलिस उनकी सेवा में हर समय तत्पर है। ऐसे में ध्यान रखना चाहिए कि पुलिस को कहां बुलाना है कहां नहीं। इससे पुलिस और ज्यादा सेवा कर सकेगी।
पंकज पंत, सीओ पुवायां