खुटार। नरौठा देवीदास स्थित नूरी मस्जिद में तरावीह में कुरान मुकम्मल हो गया। इस बीच मस्जिद को बिजली को रंग-बिरंगी झालरों से सजाया गया। कुरान सुनाने वाले कारी व हाफिज मोहम्मद कामिल रजा को उपहार दिए गए।
26वें रोजे की तरावीह मुकम्मल होने पर हुए कार्यक्रम का शुभारंभ नात-ए-पाक से किया गया। हाफिज कामिल ने रमजान-मुबारक के महीने की अहमियत पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि रमजान सबसे अफजल महीना है। इसके बाद कमेटी की ओर से उन्हें फूलमाला पहनाते हुए उपहार दिए गए। इस बीच कुरान की तिलावत कर मुल्क व कौम की तरक्की के लिए दुआ की गई।
कमेटी अध्यक्ष शब्बीर अहमद, प्रबंधक सरताज बरकाती, हाजी छेदा मंसूरी, नूर मोहम्मद मंसूरी, जहीरूद्दीन मदार, बन्ने अली, मोहम्मद रफी, बसरुद्दीन बरकाती, हनीफ बरकाती, डॉ.मोहम्मद उमर बरकाती, नौशाद बरकाती आदि मौजूद रहे। संवाद
लक्ष्मीपुर जामा मस्जिद में मुकम्मल हुई कुरान
खुदागंज। लक्ष्मीपुर की जामा मस्जिद में रमजान माह में तरावीह परी होने पर सोमवार की रात कुरान मुकम्मल हो गई। इस मौके पर हाफिज इरफान रजा साहब ने तरावीह में क़ुरान शरीफ मुकम्मल होने का एलान करने के साथ मुल्क में अमन-चैन के लिए दुआ की। इस मौके पर नमाजियों ने हाफिज इरफान रजा की खिदमत-ए-क़ुरान की सराहना कर उनके लिए अल्लाह से दुआ की। इस मौके पर हाफिज मुकीम रजा, कफील खां, शकील खां, मुशर्रफ, इरफान, फुरकान खां, रऊफ खां आदि मौजूद रहे। संवाद