पूरा एक साल हो गया, लेकिन जिले के इकलौते सांस्कृतिक गतिविधियों के केंद्र बिंदु गांधी भवन का जीर्णोद्धार नहीं हो सका। इसे महज इत्तफाक समझा जाए या फिर प्रशासन की मजबूरियां, जिस कारण इस बार का भी अखिल भारतीय नाट्य एवं नृत्य महोत्सव (शाहजहांपुर रंग महोत्सव) 16 दिसंबर से उजड़े गांधी भवन में होने जा रहा है।
गौरतलब है कि पिछले वर्ष शहीद दिवस के उपलक्ष्य में अभिव्यक्ति नाट्य मंच ने मॉस संस्था के साथ अखिल भारतीय नाट्य महोत्सव आयोजित करने का निर्णय लिया था। काकोरी कांड के महानायकों पंडित राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाक उल्ला खां और ठाकुर रोशन सिंह को समर्पित महोत्सव में कर्नाटक, आसाम, महाराष्ट्र, उत्तराखंड, बिहार समेत कई अन्य राज्यों की चुनिंदा टीमों ने प्रतिभाग किया था। आयोजन को भव्य बनाने के उद्देश्य से आयोजक जिला प्रशासन के समक्ष खूब गिड़गिड़ाए, लेकिन स्थिति जस की तस रही और अंतत: जर्जर गांधी भवन में ही पहला नाट्य महोत्सव जैसे-तैसे संपन्न हुआ। जबकि प्रशासन ने आयोजन से पहले जीर्णोद्धार का आश्वासन भी दिया था।
उम्मीद थी कि इस बार शायद जिला प्रशासन गांधी भवन का जीर्णोद्धार करा दे। एक-डेढ़ महीने पहले से ही फिर आयोजकों ने कमर कसी और प्रेक्षागृह को दुरुस्त कराने की मनुहार करनी शुरू की। कुछ दिन पहले गांधी भवन की सीलिंग टूटने से दुर्घटनाएं होते बचीं। इसमें एक बार तो सांसद कृष्णा राज भी बच गईं। सीलिंग में लगी प्लाई का एक बड़ा हिस्सा उनके समीप ही टूट कर गिरा था। इसकेे बाद जिला प्रशासन ने प्रेक्षागृह की सीलिंग उखड़वा दी थी।
अब हालत यह है कि प्रेक्षागृह की हर तीसरी कुर्सी टूटी हुई है, परदा संचालित करने वाली मशीन खराब है, दर्जनों कीमती लाइटें कलाकारों का मुंह चिढ़ाते दिख रही हैं। ग्रीन रूम अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहे हैं।
गांधी भवन की इस हालत के लिए कहीं न कहीं नाट्य संस्थाओं की गुटबाजी भी जिम्मेदार है। आज तक नाट्य संस्थाओं ने एक मंच पर आकर प्रेक्षागृह के जीर्णोद्धार की आवाज गंभीरता से नहीं उठाई।
15 जनवरी से शुरू होगा जीर्णोद्धार
गांधी भवन के जीर्णोद्धार में करीब दस लाख रुपये खर्च होने का अनुमान है। जीर्णोद्धार के लिए एक माह तक उसे बंद भी रखना पड़ेगा। जरूरी मरम्मत के लिए इस्टीमेट बनवाया जा रहा है। इस बार सीलिंग तथा अन्य स्थानों पर लकड़ी के बजाय फाइबर/प्लास्टिक का इस्तेमाल कराया जाएगा, ताकि 20-25 साल तक मरम्मत न करानी पड़े। बरसात में लकड़ी जल्द खराब हो जाती है। इधर, चुनाव के कारण समय नहीं मिल सका। जीर्णोद्धार का कार्य 15 जनवरी से शुरू कराने की योजना है। थोड़ी-बहुत मरम्मत शुरू करा दी गई है, जो कल (आज) तक पूरी हो जाएगी।
- नरेंद्र सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट
कल से शुरू होगा नाट्य-नृत्य महोत्सव
शाहजहांपुर। काकोरी कांड के महानायकों पंडित राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाक उल्ला खां और ठाकुर रोशन सिंह के शहीद दिवस पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए दूसरा शाहजहांपुर रंग महोत्सव 16 दिसंबर से शुरू हो रहा है। महोत्सव समिति के अध्यक्ष कृष्ण कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि गांधी भवन में होने वाले चार दिवसीय रंग महोत्सव में प्रतिदिन सुबह 10 से अपराह्न दो बजे तक शास्त्रीय संगीत और लोकनृत्य प्रतियोगिता तथा शाम चार से रात 11 बजे तक नाटकों का मंचन होगा। अखिल भारतीय आयोजन में देश की लगभग तीस टीमें प्रतिभाग कर रही हैं। समापन 19 दिसंबर (शहीद दिवस) को रंगयात्रा से किया जाएगा।