राजकीय मेडिकल कॉलेज में उपचार के दौरान तोड़ दिया दम
संवाद न्यूज एजेंसी
शाहजहांपुर। मीरानपुर कटरा थाना क्षेत्र के गांव हुलासनगरा निवसी करन सिंह यादव के चार वर्षीय पुत्र दीपांशु को घर के बाहर दरवाजे पर खेलते समय सांप ने डस लिया। बाद में राजकीय मेडिकल कॉलेज में उसकी मौत हो गई।
सोमवार की शाम को दीपांशु घर के बाहर खेल रहा था। तभी सांप ने उसके पैर में एड़ी में डस लिया। वह शोर मचाते हुए घर के अंदर गया। परिजन को सांप काटने के बारे में जानकारी दी। इसके बाद उसे राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। जहां मंगलवार सुबह दीपांशु की मौत हो गई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। दीपांशु यादव चार भाई-बहनों में सबसे छोटा था।
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सांप डसने से हुई कई मौतें
-बारिश के मौसम में सांप के डसने से कई लोगों की मौत हो चुकी है। कुछ लोगों की तो देसी उपचार के चलते जान चली गई। इस साल 20 जून को मदनापुर थाना क्षेत्र के गांव सहजनपुर में राकेश के 12 साल के पुत्र अमन की सांप के डसने से मौत हो गई। 19 जुलाई को मीरानपुर कटरा के इसुरा गांव निवासी अर्जुन 20 को गन्ने के खेत में सांप ने डस लिया। झाड़फूंक कराने के फेर में उसकी भी मौत हो गई थी। एक अगस्त को गढि़या रंगीन के उमरसड़ गांव में वीरपाल के पुत्र 17 वर्षीय पुत्र प्रदीप को धान की रोपाई करते समय सांप ने डस लिया। झाड़-फूंक कराने के फेर में उसकी मौत हो गई थी।
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बचाव के उपाय
-सांप के डसने पर झाड़-फूंक के चक्कर में बिल्कुल नहीं पड़े।
-सांप के डसने पर मरीज को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर ले जाकर इलाज कराएं।
-सांप के डसने पर घबराएं नहीं। ऐसे में दिल का दौरा पडऩे की आशंका रहती है।
-जिस अंग पर सांप डसे, उसे चलाएं या फिराएं नहीं, स्थिर कर दें।
-वहां पर चीरा नहीं लगाएं, पुराने जमाने के नुख्से नुकसानदायक हो सकते हैं।
-20 प्रतिशत सांप जहरीले होते हैं। इसमें कोबरा, क्रत और पिटवाइपर सांप जहरीले होते हैं।
-80 प्रतिशत सांप जहरीले न होने के कारण झाड़-फूंक करने वाले फायदा उठाते हैं।
- डॉ.एमएल अग्रवाल, फिजिशियन-राजकीय मेडिकल कॉलेज