एसडीएम मधुसूदन गुप्ता ने बताया कि निरीक्षण के दौरान एक्सप्रेस वे की सुरक्षा के लिए बनी पक्की दीवार कई स्थानों पर टूटी या क्षतिग्रस्त मिली और कई स्थानों पर एक्सप्रेस वे नीचा होने के कारण जानवरों के चढ़ जाने का अनुमान लगाया गया। एडीएम ने मौके पर मौजूद अडानी ग्रुप के अधिकारियों को सभी क्षतिग्रस्त दीवारों की तत्काल मरम्मत कराने और जहां एक्सप्रेस वे अपेक्षाकृत नीचा है, वहां बनी सुरक्षा दीवार की ऊंचाई बढ़ाने के निर्देश दिए। इस तरीके के करीब पांच कट चिह्नित किए गए है।
एडीएम ने मौके पर मौजूद जलालाबाद, मदनापुर व जैतीपुर के बीडीओ को एक्सप्रेस-वे पर मौजूद पशुओं को पकड़वाने और लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। गंगा एक्सप्रेस वे पर इस क्षेत्र में अधिकारियों के निरीक्षण वाली दूरी के बीच ही सबसे ज्यादा पशु देखे जाने की शिकायत मिलती रही है। निरीक्षण के दौरान नायब तहसीलदार अनुराग दुबे, ईओ एचएन उपाध्याय सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।
गंगा एक्सप्रेस-वे पर छुट्टा पशुओं के घूमने की शिकायत मिल रही थी। इनसे हादसा होने का खतरा रहता है। ऐसे पांच कट चिह्नित किए गए हैं। यूपीडा के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि इनको तत्काल बंद कराया जाए। टीम ने कट बंद करने का काम शुरू कर दिया है। - रजनीश कुमार मिश्र, एडीएम प्रशासन