बैरक में भी अशोक करता रहा हंगामा
जीआरपी ने अशोक को गिरफ्तार कर लिया। उसे संभालना जीआरपी के लिए मुश्किल हो गया। सुबह से दोपहर तक वह बैरक के मेन दरवाजे को हिलाता रहा। उसे तोड़ने के लिए जोर लगाता रहा। जीआरपी ने उसका मेडिकल कराने के लिए भी चुस्त-दुरस्त सिपाहियों को भेजा था।
पत्नी ने कर ली थी आत्महत्या
सिंधौली के आंयू गांव के रहने वाले अशोक की हरकतों से उसके परिवार के लोग भी काफी ज्यादा दुखी हैं। अशोक ने अपनी पत्नी को पीटकर अधमरा कर दिया। वह बमुश्किल अपने मायके से आई तो उसने आत्महत्या कर ली। वह अपने पिता के साथ भी मारपीट करता था। उनके सिर पर भी चार टांके लगे हैं।
जीआरपी इंस्पेक्टर ने बताया कि अशोक का गांव के कुछ लोगों से विवाद हो गया था। बात इतनी ज्यादा बढ़ गई कि दूसरे पक्ष ने अशोक का घर जला दिया था। इसके बाद से आरोपी पर जुनून सवार होता रहता था। मानसिक संतुलन बिगड़ने के बाद परिजन ने उसका इलाज भी कराया। इसके बाद से वह यहां-वहां घूमता रहता था।
2014 में हुई थी बच्चा चोरी की घटना
रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक से 2014 में भिक्षा मांगने वाली महिला का बच्चा वेटिंग रूम के पास से चोरी हो गया था। उसे दो लाख रुपये में मथुरा में संपन्न परिवार को बेचा गया था। उस समय थाना प्रभारी रहे जयशंकर सिंह ने कांस्टेबल विजय चौहान की सुरागरसी से बालक को बरामद कर लिया था।
40 कैमरे लगे हैं, पर रिकॉर्डिंग सुरक्षित नहीं
रेलवे स्टेशन की गतिविधियों को कैद करने के लिए 40 कैमरे लगे हुए हैं। कैमरे लगाकर पूरे स्टेशन परिसर को कवर किया गया था, लेकिन कैमरों में लाइव ही दिख रहा है। इसमें रिकॉर्डिंग की व्यवस्था नहीं है। इंस्पेक्टर आरपीएफ अजय कुमार ने बताया कि कुछ कैमरों की डीवीआर में तकनीकी कमी आ गई है। उसे सही कराने के लिए पत्राचार किया गया है।
आठ माह बाद फिर चर्चा में आया जीआरपी थाना
16 दिसंबर 2022 को जीआरपी थाने में मोबाइल चोरी के आरोप में पकड़े गए युवक ने खुद को आग लगा ली थी। उस समय इंस्पेक्टर को लाइन हाजिर कर दिया गया था। आठ माह के बाद एक बार फिर से स्टेशन चर्चा में आया है।
सीओ जीआरपी हृषिकेश यादव ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। मुकदमा पंजीकृत कर आरोपी के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा रही है।