पुवायां (शाहजहांपुर)। पेयजल के लिए पाइप लाइन बिछाने के दौरान गांव नरायनपुर बैजू में मामूली विवाद पर एक कई लोगों ने श्रमिकों को पीटकर घायल कर दिया। इसके बाद राइफल और तमंचों से जमकर फायरिंग की गई। ठेकेदार जान बचाने को कार में छिपा तो कार पर भी फायरिंग कर दी गई। पुलिस को कारतूस के 80 खोखे बरामद हुए हैं।
बहराइच के थाना रानीपुर के गांव कटघरी निवासी अमरेश कुमार ने पुलिस को बताया कि वह जल जीवन योजना के तहत पाइप लाइन बिछाने का ठेका लेता है। गांव नरायनपुर बैजू में उनका काम चल रहा है। दिन में आवागमन रहने से रात में पाइप लाइन बिछाने का काम किया जाता है। 28 अगस्त को रात साढ़े दस बजे गांव में उनके श्रमिकों ने गांव के अरसद से पाइप लाइन डालने के लिए गुमटी हटाने को कहा। इस पर अरशद, आसिफ अली, शब्बन, शमसुल, वली, सज्जाद, अशरफ आदि ने श्रमिकों पर जानलेवा हमला कर दिया। पिटाई से श्रमिक कैलाश को गंभीर चोटें आईं।
उन लोगों ने श्रमिकों की पिटाई पर आपत्ति की तो शब्बन ने लाइसेंसी राइफल और आसिफ, अरशद, शमशुल ने तमंचों से फायरिंग कर दी। उसने अपनी कार में छिपकर जान बचाई। आरोपियों ने कार पर भी फायरिंग कर दी, जिससे कार भी क्षतिग्रस्त हो गई। सूचना पर पुलिस पहुंची और कैलाश को सीएचसी भिजवाया। पुलिस ने दबिश देकर छह लोगों को पकड़ लिया है। इंस्पेक्टर राजकुमार शर्मा ने बताया कि सात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। अरशद, आसिफ, शमसुल, वली, सज्जाद, अशरफ को गिरफ्तार कर लिया गया है। मौके से एक लाइसेंसी राइफल, तीन तमंचे, 15 कारतूस, कारतूस के 80 खोखे, दो चाकू आदि भी बरामद किया है।
लोगों ने समझा गांव में आ गए हैं बदमाश
पुवायां क्षेत्र में इस समय रोज रात में कहीं न कहीं बदमाश देखे जाने का शोर मच जाता है। गांव के लोग फायरिंग करने लगते हैं। रविवार रात साढ़े दस बजे फायरिंग होने से ग्रामीणों को लगा कि गांव में बदमाशों ने धावा बोल दिया है। तमाम लोगों ने छतों पर मोर्चा संभाल लिया, लेकिन पुलिस के पहुंचने पर पता चला कि गांव के लोगों ने ठेकेदार और श्रमिकों पर फायरिंग की है। इसके बाद लोगों ने चैन की सांस ली।
गांव के बाहर भागे, खेतों में छिपे तब बची जान
श्रमिक कैलाश आदि ने बताया कि रात में पाइप लाइन के लिए काम करते समय रास्ते के किनारे कुछ लकड़ी आदि पड़ी थी। अरशद से उसे हटाने को कहा, जिससे पाइप लाइन का काम सुचारू रूप से चल सके। यह भी कहा कि आज दिक्कत है तो कल तक लकड़ी हटवा दें, लेकिन अरशद और उसके पक्ष के लोग गालीगलौज करते हुए पिटाई करने लगे और असलहे लाकर फायरिंग शुरू कर दी। श्रमिक बहराइच के रहने वाले हैं। उन्होंने गांव से बाहर भागकर और खेतों में छिपकर जान बचाई।