अपनी छह सूत्री मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के सदस्य किसान सोमवार की सुबह टोल प्लाजा के पास जुटे। इन्होंने बड़े स्तर पर प्रशासन का ध्यान अपनी मांगों और समस्याओं की ओर आकृष्ट करने के लिए चक्का जाम करना तय किया। फिर देखते ही देखते बड़ी संख्या में जुटे किसान हाईवे पर उतर गए। हाईवे पर ही बैठ गए तो दोनों ओर से गुजरने वाले वाहन जहां के तहां खड़े होने को मजबूर हो गए। सूचना पाकर एसडीएम सदर एपी श्रीवास्तव और सीओ सिटी अनुराग वत्स स्वैट टीम और पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंचे। एसडीएम ने पहले सीधे पर तौर किसानों को हटने को कहा और उसी क्रम में भाकियू जिलाध्यक्ष सरदार अजीत सिंह और समर्थकों से गरमागरम बहस की स्थिति बनी। प्रशासनिक अधिकारियों ने सूझबूझ से काम लेते हुए बिना बल प्रयोग किए जाम हटवाने की रणनीति अपनाई और किसानों की सभी मांगों पर सकारात्मक क्रियान्वयन कराने का भरोसा दिया। भाकियू की मांगों में रबी के मौसम में हुए फसली नुकसान का मुआवजा दिलाना और बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कराना भी शामिल थे। प्रदर्शन में राम प्रताप सिंह वर्मा, उदयवीर सिंह यादव, गायत्री देवी, कुसुमलता यादव, छुट्टन अंसारी, छायारानी, संजीव अवस्थी आदि शामिल थे।