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पुवायां में धान खरीद में हुआ बड़ा घोटाला, पांच रिपोर्ट दर्ज

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शाहजहांपुर/पुवायां। शासन स्तर पर हुईं शिकायतों के बाद डीएम स्तर से कराई जांच में क्रय केंद्रों पर धान खरीद में हुए घोटाले की परतें उधड़ने लगी हैं। धान खरीद में धांधली का खेल उजागर होने पर प्रभारी जिला खाद्य विपणन अधिकारी अभिलाष चंद्र सागरवाल ने पांच केंद्र प्रभारियों पर थाना पुवायां, बंडा, तिलहर, गढ़िया रंगीन और कांट थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। एक केंद्र प्रभारी पर दो सेंटरों का चार्ज होने के चलते उसके खिलाफ दो थानों में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। विभागीय स्तर पर अभी कई अन्य क्रय केंद्रों पर हुई धान खरीद की भी पड़ताल की जा रही है, जहां से किसानों की शिकायतें मिली हैं।
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डिप्टी आरएमओ सागरवाल ने पुवायां थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा है कि वर्ष 2019-20 में कर्मचारी कल्याण निगम के नत्थापुर धान क्रय केंद्र की विभागीय जांच और सत्यापन से पता चला कि केंद्र प्रभारी उदयवीर ने क्रय नीति का उल्लघंन करते हुए अनेक अनियमितताएं की। इसमें आरटीजीएस प्रपत्र न होना, क्रय पंजिका में नाम उपलब्ध न होना, रजिस्ट्रेशन प्रपत्र पासबुक उपलब्ध न होने पर भी भुगतान किया जाना, खरीद किसी के नाम से और भुगतान किसी अन्य के नाम से किया जाना आदि प्रमुख हैं। इससे साफ है कि केंद्र प्रभारी ने सरकारी धन का गबन करने के उद्देश्य से कूट रचित और फर्जी प्रपत्र तैयार कर इनका असल रूप में उपयोग करते हुए छल और जालसाजी से फर्जी किसानों के नाम खरीद की है। ऐसा खुद के लाभ के लिए किया गया है। कुल 42 किसानों के खातों में विसंगतियां पाई गई हैं। किसानों के खाते में राशि न भेजकर गबन कर लिया गया है। पुलिस ने धारा 420, 467, 468, 471, 409 के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
बंडा, तिलहर, गढ़िया रंगीन और कांट में भी हुईं रिपोर्ट
बंडा। थाना क्षेत्र के गांव लुकमानपुर बहेड़ा में लगे कर्मचारी कल्याण निगम सेंटर के प्रभारी भी उदयवीर ही थे। जिला खाद्य विपणन अधिकारी ने बंडा थाने में उदयवीर के खिलाफ अनियमितताओं, घोटाला, सरकारी धन का गबन करने आदि धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई है। लुकमानपुर बहेड़ा में भी वही अनियमितताएं मिलीं हैं जो पुवायां के नत्थापुर सेंटर पर मिली हैं। जांच में इन्हीं आरोपों में दोषी पाए गए तिलहर मंडी में एसएफसी क्रय केंद्र प्रभारी रोहिताश्व के खिलाफ तिलहर थाना में, इंदेपुर साधन सहकारी समिति की शाखा सिकरोरी क्रय केंद्र के प्रभारी गौरव गंगवार के खिलाफ कांट थाने में और गढ़िया रंगीन थाने में जरगवां स्थित पूर्णागिरि सहकारी समिति के पीसीयू क्रय केंद्र प्रभारी गुड्डू पाल के खिलाफ एफआईआर कराई गई है।
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शिकायत नहीं होने की बात कहकर बड़े घोटालेबाजों को बचाने की कोशिश
- कई सेंटरों पर हुआ था घोटाला, किसानों के मोबाइल पर पहुंचे थे मेसेज
- एक राइस मिल ने ले रखे थे कई सेंटर, किया बड़ा गड़बड़झाला
संवाद न्यूज एजेंसी
पुवायां। धान की सरकारी खरीद के दौरान पुवायां तहसील क्षेत्र के तमाम किसानों ने अपना धान राइस मिलों पर बेचा था, लेकिन उनके मोबाइल पर मेसेज सरकारी क्रय केंद्रों से आ रहे थे। मेसेज में किसानों को बताया जा रहा था कि उन्होंने जो धान बेचा है, उसका भुगतान जल्द ही उनके बैंक खातों में भेज दिया जाएगा। इससे किसान हैरत में पड़ गए थे। बैंक में पता करने पर उनको कोई जानकारी न देकर लौटा दिया गया था। इससे आशंका थी कि धान खरीद में बड़े पैमाने पर धांधली की गई है और राइस मिलों को बेचा धान सेंटरों पर खरीदा दिखाकर लाखों के वारे न्यारे किए गए।
पुवायां के गांव बितौनी के प्रधान हरिनंदन मिश्रा ने 20 नवंबर को डीएम की अध्यक्षता में हुई कृषक बंधु की बैठक में भी यह मामला उठाया था। उन्होंने बताया था कि उनके पिता सहित क्षेत्र के दस किसानों के मोबाइल पर मेसेज आ चुके हैं, जबकि उन्होंने सरकारी क्रय केंद्र पर धान बेचा ही नहीं है। इस प्रकार उन लोगों के नाम धान बिक्री दिखाकर घोटाला किया गया है। एडीएम ने इस मामले की जांच पुवायां एसडीएम को सौंपी थी। एसडीएम ने लेखपालों को लगाकर जांच कराने की बात कही थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। बाद में किसानों ने इन मामलों की शिकायत मुख्यमंत्री के जन सुनवाई पोर्टल पर की। शासन से मामले संदर्भित होकर डीएम के पास आए तो उन्होंने डिप्टी आरएमओ को जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
पुवायां क्षेत्र का बड़ा राइस मिल चर्चा में
धान खरीद में भारी धांधली के मामले में पुवायां क्षेत्र का एक बड़ा राइस मिल चर्चा में है। बताया जाता है कि इस मिल ने कई सहकारी समितियां गठित कर उनके नाम सेंटर लिए थे और मिल में खरीदे जाने वाले धान को किसानों से सेंटरों पर खरीदा दिखाया गया था। मिल की समितियों की खरीद की जांच नहीं किया जाना साबित करता है कि बड़ा घोटाला करने वाले जांच के दायरे से बाहर हैं।
शासन स्तर पर शिकायत के बाद जिन सेंटरों पर घोटाले का आरोप था, उनकी जांच की गई और जहां गड़बड़ी मिली वहां रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पांच सेंटर इंचार्जों के खिलाफ संबंधित थानों में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।आगे की जांच में अन्य क्रय केंद्रों की गड़बड़ियां प्रकाश में आने पर संबंधित केंद्र प्रभारियों पर विधिक कार्रवाई की जाएगी। - अभिलाष चंद्र सागरवाल, प्रभारी जिला खाद्य विपणन अधिकारी, शाहजहांपुर
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