बहादुरगंज में एक निजी अस्पताल के सामने पार्क रहती हैं गाड़ियां। संवाद
शाहजहांपुर। शहर में अतिक्रमण की समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। नगर निगम ने दुकानों के आगे लाखों रुपये खर्च कर स्टील की ग्रिल लगवाई थीं, ताकि दुकानदार निर्धारित सीमा में सामान रख सकें। इसके बावजूद कई दुकानदारों ने ग्रिल से आगे तक सामान फैला रखा है। इससे राहगीरों को दिक्कत आती है। मुख्य मार्गों पर अतिक्रमण के साथ बेतरतीब वाहन खड़े होने से जाम की समस्या भी बनी रहती है।
सदर बाजार में पंखी चौराहा से बहादुरगंज तक दुकानों के बाहर अतिक्रमण है। बाजार में खरीदारी करने आने वाले लोग सड़क पर दोपहिया वाहन खड़े कर देते हैं। इससे सड़क की चौड़ाई और कम हो जाती है। पंखी चौराहा से घंटाघर तक ई-रिक्शा प्रतिबंधित होने के बावजूद इनका संचालन होता दिखाई देता है। इससे भी यातायात प्रभावित होता है।
लाल इमली चौराहा से घंटाघर तक भी दिनभर जाम की स्थिति रहती है। इस मार्ग पर ई-बस और ई-रिक्शा चलते हैं। वहीं, दुकानदारों ने सड़क तक सामान फैला रखा है। यातायात व्यवस्था संभालने के लिए यहां पुलिसकर्मियों की मौजूदगी भी कम नजर आती है।
रोडवेज बस स्टैंड के आसपास सड़क किनारे ठेले लगने से यातायात प्रभावित होता है। कचहरी रोड पर भी सड़क किनारे बड़ी संख्या में दोपहिया वाहन खड़े रहते हैं। खास बात यह है कि इसी मार्ग से जिले के आला अधिकारियों का भी आवागमन होता है, इसके बावजूद समस्या बनी हुई है। नगर निगम की ओर से समय-समय पर अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाने का दावा किया जाता है, लेकिन अभियान के बाद दोबारा अतिक्रमण होने से स्थिति जस की तस हो जाती है।
नगर निगम प्रवर्तन दल की टीम लगातार अतिक्रमण हटवाती रहती है। लोगों से भी अतिक्रमण न करने की अपील की जाती है। अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा।
- सौम्या गुरुरानी, नगर आयुक्त
बहादुरगंज में एक निजी अस्पताल के सामने पार्क रहती हैं गाड़ियां। संवाद
बहादुरगंज में एक निजी अस्पताल के सामने पार्क रहती हैं गाड़ियां। संवाद