फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डीएम का जिला अस्पताल में छापा, मचा हड़कंप

Tue, 29 Sep 2015 11:31 PM IST
शाहजहांपुर
विज्ञापन
विज्ञापन
जिला अस्पताल में फैली गड़बड़ियों की मिल रही शिकायतों को लेकर मंगलवार को डीएम ने जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। 15 अधिकारियों की टीम के साथ अस्पताल में फैली अनियमितताओं की जांच की गई। अस्पताल के बाहर फैली गंदगी को देखकर उन्होंने सीएमएस की जमकर फटकार लगाई। जननी सुरक्षा योजना के रजिस्टर में गड़बड़ी मिलने पर दस दिन में सुधार करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन

डीएम शुभ्रा सक्सेना सुबह करीब दस बजे सीडीओ पुलकित खरे और अधिकारियों के साथ जिला अस्पताल पहुंच गईं। एक्स-रे और अल्ट्रासाउंड रूम के निरीक्षण के दौरान डॉक्टर नहीं पाए जाने पर सीएमएस से पूछताछ की तो पता लगा कि डॉक्टर विभागीय काम से कोर्ट गए हैं। उन्होंने कहा कि सभी डॉक्टर दो बजे के बाद मरीजों को देखकर कोर्ट संबंधित मामले सुलझाएं। इससे पूर्व वह कोर्ट से इस बात की अनुमति ले लिया करें। यहां बताया गया कि पॉवर कट होने की वजह से अल्ट्रासाउंड मशीन नहीं चल पाती है। इस समस्या के लिए उन्होंने सीएसएस से विद्युत अधिकारियों को पत्र लिखकर ठीक कराने के निर्देश दिए। अस्पताल के बाहर खाली पानी और कूड़े के ढेर देखकर फटकार लगाते हुए तुरंत सफाई कराने के निर्देश दिए। ओपीडी में पर्चा बनवाने के लिए लगी लंबी कतार देखकर उन्होंने अतिरिक्त काउंटर खुलवाने का आदेश दिया। ब्लड बैंक में निरीक्षण के दौरान उन्होंने पाया कि वहां चार पैथोलॉजिस्ट और पांच डॉक्टरों की कमी है। ब्लड बैंक में उन्होंने और पैथोलॉजी में उन्होंने डेंगू के बुखार के बार में जानकारी ली। उन्होंने प्लेटलेट्स बनाए जाने के बारे में पूछताछ की। यहां डॉक्टर ने बताया कि प्रतिदिन 50 से 55 डेंगू की जांच हो रही हैं, जिसमें ज्यादातर निगेटिव जांच जा रही है। डीएम ने संक्रामक रोगों की रोकथाम के लिए आवश्यक उपकरण व्यवस्था करने के निर्देश दिए। दवाओं के स्टोर में निरीक्षण के दौरान उन्होंने वहां मौजूद रजिस्ट्ररों की जांच की। महिला अस्पताल में बेड शीट गंदी पाए जाने पर स्टाफ की फटकार लगाते हुए सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने कहा। जननी सुरक्षा योजना दी जाने वाली धनराशि के रजिस्टर में खामी पाएं जाने पर उन्होंने सीएमओ और सीएमएस को दस दिन के अंदर ठीक कराकर जांच कराने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने महिला अस्पताल में निरीक्षण के दौरान वहां मरीजों से पूछा कि बाहर से दवाई तो नहीं लिखी जाती है। इस पर मरीजों ने बताया कि उन्हें अस्पताल से ही दवाई मिलती है। डीएम ने बताया कि उन्होंने 15 अधिकारियों की टीम को अस्पताल के विभिन्न विभागों में जांच के लिए लगाया। उन्होंने बताया कि सभी अधिकारी गहनता से जांच कर रहे है। सभी अधिकारी उन्हें शाम तक अपनी जांच रिपोर्ट देंगे। जिला अस्पताल से निकलते समय कुछ मरीजों के तीमारदारों ने बताया कि अस्पताल में लगे आरओ खराब हैं, जिसकी वजह से उन्हें बाहर से पानी खरीदकर लाना पड़ता है। इस पर उन्होंने सीएमएस को एक दिन के अंदर आरओ को ठीक कराने के निर्देश दिए हैं। निरीक्षण के दौरान सीएमओ सुधीर गर्ग, सीएमएस केशव स्वामी समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें