शाहजहांपुर। आखिर डीआईओएस पंकज पांडेय का बोर्ड परीक्षा शुरू होते ही स्थानांतरण कर दिया गया। हालांकि उनके स्थान पर शासन ने शौकीन सिंह यादव को यहां का डीआईओएस बनाया है, लेकिन उन्होंने बुधवार को कार्यभार ग्रहण नहीं किया। फिलहाल डीएम ने डीआईओएस पांडेय को रिलीव करते हुए बीएसए राकेश कुमार को कार्यभार सौंप दिया।
गत वर्ष ही बोर्ड परीक्षा के दौरान पंकज पांडेय ने बतौर डीआईओएस जिले में कार्यभार ग्रहण किया था। अपनी अक्खड़ता और स्वभाव से वह कभी जिला प्रशासन के चहेते नहीं बन पाए। फिर चाहें बोर्ड परीक्षा 2020 के केंद्रों का निर्धारण रहा हो, या फिर शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) कराने का। हर बड़े आयोजन में उनकी प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों से नोकझोंक जरूर हुई। बोर्ड परीक्षा के पहले दिन सचल दलों के भ्रमण को लेकर उनकी बीएसए से भी नोकझोंक हुई थी। डीएम के आदेश पर बीएसए ने दोपहर बाद कार्यभार ग्रहण कर विभागीय कार्य निपटाए। इस अवसर पर कुछ प्रधानाचार्यों ने उनसे शिष्टाचार भेंटकर परीक्षा में कक्ष निरीक्षकों की कमी को पूरा करने का आग्रह किया। इस पर प्रभारी डीआईओएस राकेश कुमार ने खंड शिक्षा अधिकारियों को बुलाकर बोर्ड परीक्षा के लिए सभी केंद्रों पर पर्याप्त बेसिक शिक्षक उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि लगभग दो हजार शिक्षक पहले ही रिलीव किए जा चुके हैं।
इसी बीच 14 जनवरी को पर्यटन विभाग के प्रमुख सचिव एवं जिले के नोडल अधिकारी जितेंद्र कुमार ने जनपद भ्रमण के दौरान जब विभागीय क्रिया-कलापों की समीक्षा बैठक रखी तो डीआईओएस उसमें में नहीं गए। इस पर प्रमुख सचिव ने नाराजगी जताते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दे दिए थे, इस पर डीएम ने शासन से पत्राचार किया था। समझा जा रहा है कि प्रमुख सचिव की समीक्षा बैठक को नजरअंदाज करने का खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ा।