कांट। माता शीतला देवी के प्राचीन मंदिर पर दर्शन-पूजन के लिए सावन माह की अमावस्या पर बुधवार को श्रद्धालु सुबह से पहुंचने लगे। देवी जी का पूजन कर प्रसाद चढ़ाने के बाद श्रद्धालुओं ने वहां लगे मेले की दुकानों से खरीदारी भी की।
देवी दर्शन के लिए नगर सहित आसपास के गांंवों से तमाम महिलाएंं अपने बच्चों के साथ पहुंचींं। मंदिर परिसर सुबह होते ही माता के जयकारों से गूंजने लगा। श्रद्धालुओं ने माता के दरबार में पूजा करने के बाद माथा टेककर मनाैतियां मानी। मंदिर कमेटी के अध्यक्ष महंत पंडित योगेश शर्मा ने बताया कि मां शीतला देवी का यह मंदिर बहुत ही प्राचीन है।
श्रद्धालुओं की सच्चे मन से की गई मनोकामनाएं पूरी होने के कारण इसे मां का सच्चा दरबार कहा जाता है। मंदिर के आसपास लगे मेले में बच्चों ने खिलौने खरीदे और चाट-पकौड़ी का आनंद लिया। दर्शन व्यवस्था में पुष्पेंद्र मिश्रा, मोहित भोजवाल, विमल बाजपेयी, राजदीप शर्मा, रामू कश्यप, राधे वर्मा आदि का सहयोग रहा। संवाद