शाहजहांपुर। व्यावसायिक गैस सिलिंडर के दाम बढ़ने के बाद अब उसकी मांग काफी घट गई है। एक महीने पहले जहां व्यावसायिक सिलिंडर के लिए मारामारी थी लेकिन अब लोग कम खरीद रहे हैं। वहीं, घरेलू गैस सिलिंडर की बुकिंग लगातार बढ़ रही है। माना जा रहा है कि घरेलू गैस का इस्तेमाल व्यावसायिक सिलिंडर में किया जा रहा है। इसका असर खाने की वस्तुओं के दाम पर भी पड़ा है।
वर्तमान में घरेलू गैस सिलिंडर 939 रुपये में मिल रहा है, जबकि व्यावसायिक सिलिंडर 3154 रुपये का है। घरेलू गैस सिलिंडर की बुकिंग प्रतिदिन 12 से 14 हजार तक है, जबकि पहले आठ से 10 हजार तक होती थी। रोजाना 11 से 12 हजार सिलिंडर की डिलीवर किए जा रहे हैं। इधर, महंगा होने के बाद कंपनियां व्यावसायिक सिलिंडर की आपूर्ति भरपूर कर रहीं हैं लेकिन उसके खरीदार नहीं मिल रहे। कारोबारी इनको काफी कम संख्या में ले रहे हैं।
ऐसे में माना जा रहा है कि कहीं न कहीं घरेलू गैस सिलिंडर की कालाबाजारी होने लगी है। पहले उज्ज्वला कनेक्शन के उपभोक्ता साल में दो से तीन सिलिंडर लेते थे। अब अधिकतर उपभोक्ता सिलिंडर ले रहे हैं। इनका इस्तेमाल कम हो रहा है, लोगों का कहना है कि महंगे दामों पर बिक्री की जा रही है।
व्यावसायिक सिलिंडर की घटी मांग
जनपद में व्यवसायिक सिलिंडर के 1104 कनेक्शनधारक हैं। ऑयल कंपनियों के मुताबिक रोजाना 250 सिलिंडर की आपूर्ति की जा रही है, जबकि पहले तीन से चार सौ सिलिंडर तक की आपूर्ति की जा रही थी। हालांकि इसका कारण सहालग का सीजन भी माना जा रहा था। सिलिंडर की किल्लत के दौर में लोगों ने भट्ठियों का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है। इससे भी खपत कम हुई है।
पीएनजी का हो रहा विस्तार, कनेक्शन बढ़ाने पर जोर
रसोई गैस की किल्लत से पहले जनपद में 85 किमी क्षेत्र में पीएनजी लाइन बिछाई गई थी। अब यह क्षेत्र 105 किमी हो गया है। कैंट क्षेत्र में भी करीब 12 किमी पीएनजी पाइप लाइन बढ़ाए जाने का काम शुरू हो गया है। जनपद में वर्तमान में 4500 पीएनजी कनेक्शन हैं। 8000 कनेक्शन का पंजीकरण हो गया है। 28 होटल संचालकों ने पीएनजी कनेक्शन कराने का अनुबंध किया है। नए क्षेत्रों में रेती, नई बस्ती, तारीन गाड़ीपुरा, सुभाषनगर, लोक विहार, बसंत विहार में पाइप लाइन पड़ चुकी हैं।
घरेलू गैस सिलिंडर की बुकिंग बढ़ गई है। व्यावसायिक सिलिंडर महंगा होने के बाद मांग अब उतनी नहीं रह गई है जितनी कुछ समय पहले थी। पीएनजी लाइन का विस्तार किए जाने से कनेक्शनों की संख्या भी बढ़ रही है। अगर व्यावसायिक के स्थान पर घरेलू गैस सिलिंडर का इस्तेमाल मिला तो संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
- चमन शर्मा, जिला पूर्ति अधिकारी