शाहजहांपुर। नलकूप के लिए कनेक्शन लेने वाले किसान ट्रांसफार्मर, पोल और तारों के लिए भटकने को मजबूर हैं। फरवरी के बाद कनेक्शन के लिए करीब 1250 फाइलें लंबित पड़ी हैं। स्टोर में सामान नहीं होने की वजह से किसान परेशान हैं। अधिकारी भी मध्यांचल विद्युत निगम लिमिटेड के स्तर से सामान नहीं आने की बात कहकर पल्ला झाड़ लेते हैं।
किसानों को खेतों की सिंचाई के लिए नलकूप के कनेक्शन के लिए ऑनलाइन आवेदन करना पड़ता है। सर्वे होने के बाद एस्टीमेट बनकर कृषक से रुपये जमा कराकर लाइन ऑर्डर उपलब्ध करा दिया जाता है। 16 फरवरी के बाद से साढ़े 12 सौ कृषक रुपये जमा करने के बाद भी लाइन ऑर्डर लेकर भटक रहे हैं। बिजली के कनेक्शन के लिए पोल, तार और ट्रांसफार्मर छह महीने के बाद भी नहीं मिल सका है। ऐसे में किसानों को फसल की सिंचाई में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बिजली निगम के अधिकारी बताते हैं कि स्टोर में सामान नहीं होने के चलते नलकूप की लाइन नहीं खिंच पा रही है। यह समस्या पूरे मध्यांचल क्षेत्र में बनी हुई है।
-एक साल पहले खेत में बोरिंग कराई थी। नलकूप के कनेक्शन के लिए मार्च महीने में लाइन ऑर्डर मिल गया था। उसके बाद भी ट्रांसफार्मर नहीं मिल सका।
मुनेश तिवारी, कुर्रियाकलां
-छह महीने पहले आवेदन कर दिया था। सर्वे होने के बाद लगा था कि जल्द ही कनेक्शन हो जाएगा। अधिकारियों को कई बार पत्र दे चुके हैं। फिर भी समाधान नहीं निकला है।
राजीव दीक्षित, कुर्रिया कलां।
-स्टोर में सामान उपलब्ध नहीं होने के चलते कनेक्शन देने में कुछ देरी हो रही है। प्रयास कर रहे हैं कि जल्द ही पोल, ट्रांसफार्मर आदि उपलब्ध हो जाए, जिससे कनेक्शन दिया जा सके।
जेपी वर्मा, अधीक्षण अभियंता
मुनेश तिवारी। संवाद