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कृभको फैक्ट्री के मजदूर की गोली मारकर हत्या

Wed, 04 Feb 2015 11:38 PM IST
शाहजहांपुर/कांट।
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थाना कांट क्षेत्र के गांव टाडा पर्वतपुर में रहने वाले 45 वर्षीय रक्षपाल कुशवाहा की जांजलपुर के पास मंगलवार रात अज्ञात हमलावर ने गोली मारकर हत्या कर दी। रक्षपाल, कृभको श्याम फर्टिलाइजर फैक्ट्री में मजदूरी करते थे। वह शाम करीब आठ बजे साइकिल से ड्यूटी जाने के लिए निकले थे।
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गांव टाडा पर्वतपुर में रहने वाले रक्षपाल कृभको श्याम फर्टिलाइजर फैक्ट्री में करीब 20 वर्ष से काम कर रहे थे। वह यूरिया प्लांट में हेल्पर के पद पर काम करते थे। मंगलवार की शाम करीब आठ बजे वह घर से रात की शिफ्ट में ड्यूटी करने के लिए साइकिल से निकले थे। गांव जांजलपुर (कांट-टाडा पर्वतपुर मार्ग) के पास मुनीम जी की पाकड़ के पास किसी अज्ञात हमलावर ने रक्षपाल की गोली मारकर हत्या कर दी। गोली रक्षपाल के सीने में लगी।
बुधवार की सुबह करीब सात बजे गांव के मानसिंह फैक्ट्री से ड्यूटी करके घर लौट रहे थे, तो उन्होंने रक्षपाल के शव को जमीन पर पड़ा देखा। इसकी सूचना उन्होंने उसके परिवार वालों को दी। परिवार वालों की सूचना पर मौके पर पुलिस पहुंच गई। पुलिस ने आसपास के ग्रामीणों से पूछताछ की, लेकिन हमलावर का कोई सुराग नहीं लगा। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
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हत्यारा कोई परिचित ही संभव  
रक्षपाल पर हमला करने वाला कोई परिचित ही निकलने की संभावना है। जिससे बात करने के लिए रक्षपाल ने घटनास्थल पर साइकिल खड़ी कर दी थी। बात करने के दौरान रक्षपाल को हमलावर ने गोली मार दी। गोली सीने पर सटाकर मारी गई है। अगर कोई लूट के इरादे से रक्षपाल के गोली मारता तो रक्षपाल अपनी साइकिल खड़ी नहीं करता। हमलावर मामले को लूट का दर्शाने के लिए मोबाइल, पर्स और गेट पास ले गया। रक्षपाल के पर्स में मात्र 60 रुपये थे। पुलिस इस दिशा में भी जांच कर रही है कि हमलावर कोई जान-पहचान का हो सकता है। लूटे गए मोबाइल से हत्या का राज खुल सकता है। मोबाइल को सर्विलांस पर लगा दिया गया है।

मानसिंह के साथ जाता तो शायद नहीं होती घटना
रक्षपाल गांव में रहने वाले अपने दोस्त मानसिंह के साथ रोजाना फैक्ट्री जाता था। मंगलवार की रात मानसिंह की साइकिल खराब थी, इसलिए वह पहले गांव से निकल गया। अगर मानसिंह और रक्षपाल एक साथ निकलते तो शायद यह घटना टल जाती।

भगवन्ना का इकलौता बेटा था रक्षपाल
रक्षपाल के पिता रामस्वरूप की चार साल पहले मौत हो चुकी है। रक्षपाल, मां भगवन्ना का इकलौता बेटा था। बेटे की मौत से भगवन्ना का बुरा हाल है। पत्नी रूपादेवी अपने बेटे अनूप और चार बेटियों, साधना, विनीता, राखी और पायल को सीने से लगाकर बेहाल है। रक्षपाल ने बेटे अनूप और बेटी साधना की शादी कर दी थी। अब परिवार की पूरी जिम्मेदारी अनूप के सिर पर आ गई है।

अज्ञात हमलावर के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज
बेटे अनूप की तहरीर पर कांट पुलिस ने अज्ञात हमलावर के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस टीम हमलावर की तलाश में जुट गई है।

ग्रामीणों बोले, मिलनसार था रक्षपाल
टाडा पर्वतपुर में रहने वाले ग्रामीणों ने बताया कि रक्षपाल बहुत भला और मिलनसार आदमी था। कभी किसी से उसका कोई विवाद नहीं हुआ। परिवार वालों ने भी बताया कि उनकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं है।
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घटनास्थल का निरीक्षण करके लग रहा है कि हत्या करने वाला कोई परिचित हो सकता है। इस दिशा में काम शुरू कर दिया गया है। हत्या का शीघ्र खुलासा हो जाएगा।
- राजेश कुमार सिंह, एएसपी सिटी
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