परौर थाना क्षेत्र के गांव बहमनी चौकी में गत सोमवार की दोपहर हुई ऑनर किलिंग की घटना का दूसरा आरोपी गुल हसन शुक्रवार अपराह्न यहां सीजेएम कोर्ट में पेश किया गया। उसने कोर्ट में अपना जुर्म कबूल कर लिया। सीजेएम राजेश्वरी टोलिया ने आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजने के निर्देश दिए हैं। साथ ही पुलिस की ओर से इस मामले में दोनों आरोपियों की फाइलें एक साथ जोड़ दी गईं। दोनों के केस की सुनवाई एक साथ होगी। दोनों ही आरोपी अब पहली सितंबर को सीजेएम कोर्ट में फिर पेश होंगे।
पुलिस ने बृहस्पतिवार को दिन में साढ़े 10 बजे से गुल हसन को कटरा इलाके से उठाया था। फिर पुलिस उसे लेकर परौर में रामगंगा के उस किनारे तक गई जहां उसने गत सोमवार को अपनी बहन फूलजहां का कटा हुआ सिर फेंका था। बाद में शाम को उसे क्षेत्र के जुआखेड़ा मोड़ से गिरफ्तार कर लिया गया था। इस मामले में गत मंगलवार को ही एक अन्य आरोपी गुल मोहम्मद उर्फ नन्हूं को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया और गत बुधवार को सीजेएम कोर्ट ने उसे 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था।
यहां बता दें कि बहमनी चौकी गांव में 18 वर्षीया फूलजहां गत रविवार की देर रात पड़ोस ही में रहने वाले अपने सगे फुफुेरे भाई अच्छन के घर भाग गई थी। वह उससे मोहब्बत करती थी और उसी से निकाह करना चाहती थी। उसके ये दोनों भाई इस निकाह के खिलाफ थे और रात को घर छोड़कर भागने से खासे खफा थे। उसके बाद दोनों ने घर के बाकी सदस्यों को सोमवार की सुबह बदायूं रिश्तेदारी में तांगे से भेज दिया था। फिर दोपहर के समय इन दोनों भाइयों ने अच्छन के घर में घुसकर अपनी बहन को घसीटकर बाहर निकाला और गली में लाकर उसका गला रेत डाला।
दूसरे दिन भी गोताखोरों को नहीं मिला कटा सिर
परौर (शाहजहांपुर)। दूसरे दिन शुक्रवार को भी गोताखोर यहां रामगंगा नदी में उतरे, लेकिन फूलजहां का कटा हुआ सिर तलहटी में नहीं मिला। काफी देर तक खोजबीन का क्रम चला। बृहस्पतिवार को आरोपी गुल हसन की निशानदेही के आधार पर कस्बे के पास नदी में गोताखोर उतारे गए थे। शुक्रवार को भी उसी स्थान और आसपास में तलाशी के लिए गोताखोरों को उतारा गया। थाना प्रभारी राजेश सिंह ने कहा कि शनिवार को नदी में आगे डेढ़ से दो किमी की दूरी तक तलाशी के लिए गोताखोर उतारे जाएंगे।