डिप्टी सीएमओ डॉ. नरेशपाल की शुक्रवार को छापामारी से निगोही क्षेत्र के झोलाछाप डाक्टरों में हड़कंप मच गया। डिप्टी सीएमओ ने थाने पर तहरीर दी, लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की।
बता दें कि स्वास्थ्य विभाग की लचर व्यवस्था से निगोही क्षेत्र में झोलाछाप डाक्टरों की बाढ़ सी आ गई है। कस्बे में झोलाछाप डॉक्टर के गलत उपचार से महिला की हुई मृत्यु से स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया और डिप्टी सीएमओ (नोडल अधिकारी) डा. नरेशपाल अपनी टीम के साथ निगोही क्षेत्र के गांव पतराजपुर, अर्जुनपुर और ईशापुर में आधा दर्जन से अधिक झोलाछाप डाक्टरों की दुकानों पर छापामारी की। छापामारी में झोलाछाप डा. बिजेंद्र और विजय को नोटिस दिए। इस दौरान कई झोलाछाप डाक्टर अपनी-अपनी दुकानें छोड़ कर फरार हो गए। छापामारी के उपरांत डिप्टी सीएमओ निगोही थाने गए और तहरीर दी। तहरीर में कहा कि गांव ईशापुर में अनाधिकृत रूप से रोगियो का बिजेंद्र उपचार करता है। इतना ही नही नशीली औषधियों की बिक्री भी करता है। निगोही पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नही की बल्कि यह कह कर टकरा दिया।
छापामारी में नशीली औषधियां, आला सहित तमाम सामान झोलाछाप डाक्टरों से मिला है। नोटिस भी तामील कराए गए हैं। इनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।
डा. नरेशपाल, डिप्टी सीएमओ
तहरीर में आरोपियों का मूल पता नहीं दिया गया है। इस कारण रिपोर्ट दर्ज नहीं की जा रही है। मूल पता मिलने पर ही रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
अमर सिंह यादव, एसओ निगोही