रेलवे के एक गार्ड ने दहेज में चार लाख रुपये न देने पर विवाहिता को घर से निकाल दिया। महिला ने गार्ड और उसके घरवालों के खिलाफ कार्रवाई को आईजी से मिली। उनके आदेश पर महिला थाने में उसकी रिपोर्ट दर्ज हो सकी है।
बता दें कि रेलवे रोजा में तैनात गार्ड अजीत गुप्ता पहले से विवाहित था और उसके एक बेटी भी है। पूनम का आरोप है कि रेलवे के गार्ड अजीत ने उसे दूसरी शादी की बात नहीं बताई और प्रेमजाल में फंसाकर उसका यौन शोषण करता रहा। दबाव बनाने पर अजीत ने पूनम से चार जुलाई 2014 को बरेली के एक होटल में शादी कर ली।
पूनम ने पुलिस को बताया कि ससुराल आने के बाद अजीत के विवाहित होने की बात पता चली। इसके बाद उसका पति अजीत, देवर अमित, ननद सोनम और सास शांति गुप्ता उससे चार लाख दहेज की मांग करने लगे। पांच दिन पहले उसे मारपीटकर घर निकाल दिया।
पूनम का आरोप है कि जब वह रोजा थाने गई तो उसकी सुनी नहीं गई। इस मामले में एसपी आरपीएस यादव ने भी आदेश दिए थे, लेकिन पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। बाद में पीड़िता ने आईजी जोन के सामने पेश होकर अपनी व्यथा बताई, तब जाकर पुलिस हरकत में आयी और महिला थाने में रेलवे गार्ड और तीन अन्य परिजन सहित विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।