काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस ट्रेन में जेबकतरे ने पुवायां के कमलबाग निवासी कपड़ा व्यापारी राजीव अग्रवाल की जेब काटकर 80 हजार रुपये निकाल लिए। आरोप है कि रेलवे अधिकारियों और जीआरपी ने भी व्यापारी का सहयोग नहीं किया। क्षुब्ध व्यापारी ने कार्रवाई की चेतावनी दी है।
राजीव अग्रवाल ने बताया कि उनकी पुत्री प्रार्थना अग्रवाल गाजियाबाद में हॉस्टल में रहकर पढ़ाई करती है। 19 अगस्त को वह पुत्री के साथ फीस जमा करने काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस ट्रेन से गाजियाबाद जा रहे थे। उनका रिजर्वेशन एस 7 कोच में था। अमरोहा स्टेशन से एक किमी पहले जेबकतरे ने उनकी जेब काटकर 80 हजार रुपये निकाल लिए। उन्होंने, जेबकतरे को पकड़ लिया तो जेबकतरे के साथियों ने चाकू दिखाकर उसे छुड़ा लिया और फरार हो गए। अमरोहा स्टेशन पर उन्होंने जीआरपी को जानकारी देने का प्रयास किया, लेकिन ट्रेन में टीटी और कोई सुरक्षाकर्मी नहीं मिला।
आरोप है कि ट्रेन चलने पर उन्होंने चेन पुलिंग की तो गार्ड ने आकर उन्हें ही धमकाना शुरू कर दिया। बाद में बमुश्किल उनकी रिपोर्ट गलत धाराओं में लिखी गई। व्यापारी ने कहा कि वह रेलवे के उच्च अधिकारियों से मामले की शिकायत करेगा और कार्रवाई नहीं होने पर मुकदमा करेगा। ट्रेन में यात्री की सुरक्षा की जिम्मेदारी रेलवे की होती है, लेकिन जीआरपी और टीटी ने उसकी बात नहीं सुनी।