बंडा (शाहजहांपुर)। बड़े सिलिंडर से रसोई गैस छोटे सिलिंडर में भरते समय आग लग जाने से करीब तीन लाख का सामान व 20 हजार रुपये जल गए। आग लगने के दौरान दो सिलिंडर भी तेज धमाके के साथ फट गए। इससे हड़कंप मच गया। लोगों ने बमुश्किल आग पर काबू पाया।
गांव ढका घनश्यामपुर की साप्ताहिक बाजार में गांव ढुकरी के राजू ने एक खोखे में होटल खोल रखा है। राजू वहीं पर गैस सिलिंडर भी बेचता है। शुक्रवार दोपहर बाद गैस रिफिल करते समय लीक होने लगी और आग लग गई। आग से छोटा सिलेंडर धमाके के साथ फट गया। जिससे बाजार में भगदड़ मच गई। कुछ ही देर बाद एक बड़ा सिलिंडर भी तेज धमाके के साथ फट गया, लेकिन लोगों के काफी दूर होने के कारण बड़ा हादसा टल गया।
राजू के खोखे के बाद आग ने पड़ोस के गांव पट्टी छज्जूपुर के छोटे के होटल और गांव खखरा के निवायल के चूडी के खोखे में भी आग लग गई। गांव के लोगों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग से तीनों दुकानदारों का करीब तीन लाख रुपये का सामान और राजू के रखे 20 हजार रुपये जल गए। उधर, गांव बरीबरा में शुक्रवार दोपहर अचानक आग लग जाने से द्वारिका प्रसाद का चार बीघा गेहूं और गांव के ही सोलंकी, राधेश्याम का भूसा जलकर राख हो गया। गांव के लोगों ने बमुश्किल आग पर काबू पाया। आग बुझ जाने के एक घंटे बाद फायर ब्रिगेड की गाड़ी गांव पहुंच सकी।
पांच सिलिंडर निकाल कर टाला बड़ा हादसा
पुलिस, अग्निशमन और पूर्ति विभाग की लापरवाही से चल रहे गैस रिफिलिंग के काम में शुक्रवार को बड़ा हादसा टल गया। लोगों ने पांच सिलिंडरों को आग से दूर फेंक कर तमाम लोगों की जान बचाई।
साप्ताहिक बाजार में काफी भीड़ होती है। बाजार में रखे राजू के खोखे में गैस से भरे कई सिलिंडर रखे थे। वह रोजाना दस से 15 सिलिंडर रिफिलिंग कर बेच देता है। आग लगी तो दो सिलिंडर धमाके के साथ फटने से बाजार में अफरा तफरी मच गई। आसपास के दुकानदार अपनी अपनी दुकानें छोड़कर भाग खड़े हुए। गांव के कुछ लोगों ने राजू की दुकान में गैस से भरे पांच सिलिंडरों को किसी तरह निकालकर दूर फेंका। यदि यह सिलिंडर भी फट जाते तो भारी नुकसान से इंकार नहीं किया जा सकता था।