शाहजहांपुर। सपा सरकार में पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्यमंत्री रहे राममूर्ति सिंह वर्मा की पुत्रवधू और पूर्व जिला पंचायत अधिकारी अर्चना वर्मा को फोन पर धमकाते हुए दस पेटी की रंगदारी मांगी गई है। आरोपी ने धमकाया है कि रुपये की व्यवस्था नहीं की तो पूरे परिवार को जान से मार देंगे। उनके पति ददरौल विधानसभा के पूर्व सपा प्रत्याशी राजेश वर्मा के नंबर पर भी कॉल आई, उन्होंने उसे रिसीव नहीं किया। सदर थाने पर तहरीर दी गई है। बताया जा रहा है कि धमकाने वाला खुद को तिहाड़ जेल से नीरज भवानी बता रहा था।
पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष अर्चना वर्मा के मोबाइल पर बुधवार दोपहर साढ़े 12 बजे अनजान नंबर से कॉल आई। उन्होंने कॉल रिसीव की लेकिन नेटवर्क गड़बड़ होने के कारण आवाज नहीं आने पर कॉल कट गई। इसके बाद उन्होंने दूसरे नंबर से कॉल की। कॉल रिसीव होते ही दूसरी तरफ से व्यक्ति ने धमकाना शुरू कर दिया। उसने कहा कि वह तिहाड़ जेल से नीरज भवानी बोल रहा है। आपके ससुर पूर्व मंत्री रहे हैं। अभी विधानसभा चुनाव में करोड़ों रुपये खर्च किए हैं। इसलिए दस लाख रुपये चाहिए अन्यथा पूरे परिवार को जान से मार देंगे। कहा कि शुक्रवार दोपहर 12 बजे तक दस पेटी चाहिए। दस पेटी की व्यवस्था करते हुए हमारे खाते में नहीं डाले तो पूरे परिवार को जान से मार देंगे। 12 बजे तक रुपये की व्यवस्था हो जाए तो मुझे फोन कर बताएं, मै अपना खाता नंबर भेज दूंगा।
इतनी बात सुनकर अर्चना वर्मा ने पास मौजूद परिचित व्यक्ति को फोन दे दिया। तब गालीगलौज करने के साथ ही जान से मारने की धमकी दी गई। इसके बाद भी अर्चना वर्मा के फोन पर कई बार कॉल आई। वहीं बृहस्पतिवार दोपहर साढ़े तीन बजे उसी नंबर से अर्चना वर्मा के पति राजेश वर्मा के पास भी कॉल आई। हालांकि, उन्होंने कॉल रिसीव नहीं की। अर्चना वर्मा ने बताया कि उन्होंने पूरे मामले की जानकारी एसपी एस. आनंद को दी है, साथ ही थाना सदर बाजार पर फोन करने वाले के खिलाफ तहरीर दी है।
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अर्चना बोलीं: सुरक्षा चाहिए
- पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष अर्चना वर्मा को फोन करने वाला उनके परिवार को अच्छी तरीके से जानता है। बृहस्पतिवार शाम को वार्ता में अर्चना वर्मा ने बताया कि कॉल करने वाले ने धमकाने के दौरान खुद को तिहाड़ जेल से नीरज भवानी बताया है। वह ऐसे किसी व्यक्ति को नहीं जानती हैं। उनका परिवार भयभीत है। उनके परिवार की कोई दुश्मनी नहीं है। उन्होंने पुलिस से सुरक्षा की मांग की है।
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पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष की ओर से पत्र प्राप्त हुआ है। नंबर की जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। - अखंड प्रताप सिंह, सीओ सिटी