शाहजहांपुर। परिवहन निगम में संविदा चालक मोर सिंह की ओर से दिए गए चिकित्सीय प्रमाणपत्र की स्वास्थ्य विभाग ने जांच पूरी कर ली है। जांच में प्रमाणपत्र फर्जी पाए जाने के बाद सीएमओ ने इसकी रिपोर्ट परिवहन निगम को भेज दी है। अब निगम की जांच पूरी होने पर कार्रवाई की जाएगी।
लंबे समय तक गैरहाजिर रहने के बाद चालक चिकित्सीय प्रमाणपत्र के आधार पर उसे ड्यूटी पर रखा गया। निगम के अनुसार, लगातार गैरहाजिर रहने पर परिचालक को नोटिस जारी किया गया था। जवाब में उसने बीमार होने का हवाला देते हुए चिकित्सीय प्रमाणपत्र प्रस्तुत किया। इस मामले में जैतीपुर के एक व्यक्ति ने डीएम से शिकायत कर जेल जाने के बाद भी नौकरी पर रखने का मुद्दा उठाया था।
इसके बाद विभागीय जांच के साथ प्रमाणपत्र की भी जांच कराई गई। सीएमओ डॉ. विवेक मिश्रा ने बताया कि गढ़िया रंगीन आरोग्य केंद्र से जारी बताए जा रहे चिकित्सीय प्रमाणपत्र पर संबंधित डॉक्टर की लिखावट नहीं है। जांच के आधार पर प्रमाणपत्र फर्जी होने की रिपोर्ट परिवहन निगम को भेज दी गई है।
एआरएम अरुण कुमार ने बताया कि मामले की विभागीय जांच क्षेत्रीय प्रबंधक हरदोई के स्तर से चल रही है। जांच पूरी होने के बाद संबंधित परिचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।