शाहजहांपुर। दीपावली व भैया दूज का त्योहार मनाने लोगों का अपने घरों पर लौटना शुरू हो गया। जिसके चलते शनिवार को दिनभर रोडवेज बसों और ट्रेनों में यात्रियों की भीड़ रही। हर किसी को घर पहुंचने की जल्दी थी। वहीं, ट्रेनों के देरी से चलने की वजह से यात्रियों को परेशानी का सामना भी करना पड़ा।
इस बार दीपावली का त्योहार रविवार को मनाया जाएगा। सोमवार को गोवर्धन पूजा और मंगलवार को भैया दूज होगी। इन त्योहारों को मनाने वह लोग भी अपने घरों पर लौटने लगे हैं, जो दूसरे शहरों व राज्यों में रहकर नौकरी और पढ़ाई करते हैं। जिस कारण शनिवार को रोडवेज बसों और रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की काफी भीड़ रही। बस स्टेशनों में सीट पाने के लिए यात्रियों को मशक्कत करनी पड़ी। कई यात्री परिवार समेत स्टेशनों में बसों का इंतजार करते रहे। भीड़ ज्यादा होने पर उन्होंने दूसरे वाहनों से सफर तय किया। इस दौरान डग्गामार वाहन संचालक भी सक्रिय रहे।
अपलाइन पर देरी से चली ट्रेनें
- त्योहारों पर भी ट्रेनों का संचालन समय से नहीं हो पा रहा है। शनिवार को भी कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से काफी देरी से चलीं। जिनमें शाहजहापुर-बालामऊ डेढ़ घंटा, बालामऊ-सीतापुर दो घंटा 45 मिनट, अवध-आसामान एक्सप्रेस तीन घंटे गरीब नवाज तीन घंटे, बाघ एक्सप्रेस पांच घंटा देरी से चली। डाउन लाइन पर शहीद एक्सप्रेस आठ घंटा लेट रही। स्टेशन अधीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि त्योहारों पर लंबे रूटों पर कुछ विशेष गाड़ियों को चलाया गया है। जिनको पास कराने के कारण नियमित ट्रेनें देरी से चल पा रही हैं।
साढ़े 11 घंटे बाद आई सरयू यमुना एक्सप्रेस
- अमृतसर से चलने वाली सरयू यमुना एक्सप्रेस शनिवार को साढ़े 11 घंटे की देरी से शाहजहांपुर आई। जबकि त्रिवेणी एक्सप्रेस सवा दो, बरेली एक्सप्रेस एक, जननायक एक्सप्रेस एक, जनसाधारण एक्सप्रेस एक घंटा लेट शाहजहांपुर स्टेशन पर आ सकी। इसके साथ ही डाउन लाइन की अमरनाथ एक्सप्रेस तीन घंटे बाद आई।
ट्रेनों के लेट होने पर बसों से किया सफर
- शाहजहांपुर से अपने घरों को जाने वाले लोगों ने ट्रेनों के लेट होने पर रोडवेज बसों से सफर करना उचित समझा, लेकिन उनमें भी अच्छी खासी भीड़ रही। बसों में घुसना मुश्किल हो गया। सबसे ज्यादा परेशानी महिलाओं और बच्चों को हुई। जिन्हें बसों में चढ़ने के लिए धक्कामुक्की का सामना करना पड़ा। दीपावली व भैयादूज पर ट्रेनों व बसों में और भीड़ रहेगी।