अजीजगंज चौकी पर पशुओं के अंगों से भरे वाहनों से वसूली के मामले में एसपी डॉ. मनोज कुमार ने सख्त कदम उठाते हुए मंगलवार को अजीजगंज चौकी इंचार्ज और चार सिपाहियों को लाइन हाजिर कर दिया है।
अजीजगंज चौकी पुलिस ने रविवार की रात दो मिनी ट्रकों को पकड़ा था, जिसमें भैंसों के खुर, सींग और हड्डियां आदि भरी हुई थीं। दोनों ट्रक लखनऊ से हापुड़ में बूचड़ खाने में जा रहे थे। दोनों मिनी ट्रकों को पकड़ने वाले चार सिपाहियों ने इनको आवास विकास कॉलोनी को जाने वाली रोड़ पर खड़ा करवा लिया था। मामले में सौदा होने के बाद सिपाहियों ने ट्रक से पकड़े दो व्यक्तियों को छोड़ दिया था। ट्रक चालकों ने सिपाहियों को बूचड़ खाने के कागजात दिखाए थे, लेकिन चाराें सिपाही मोटी रकम ऐंठने के के कोशिश में लगे थे। ट्रक के चालकों ने अपनी फर्म को पुलिस के द्वारा ट्रक पकड़े जाने की बात बताई। फर्म मालिकों ने सपा सरकार के एक मंत्री से ट्रक पकड़ने जाने की शिकायत की। मंत्री के हस्तक्षेप के बाद यह मामला एसपी डॉ. मनोज कुमार के संज्ञान में आया। इस मामले की जांच उन्होंने सीओ सिटी अवीनश्वर चंद्र श्रीवास्तव से करवाई, जिसमें चौकी प्रभारी अमर सिंह यादव, सिपाही राशिद सुल्तान, सतीश सिंह, संजीव यादव, रामवीर सिंह दोषी पाए गए। एसपी डॉ. मनोज कुमार ने बताया कि अजीजगंज चौकी प्रभारी समेत चार सिपाहियों को इस मामले में दोषी पाया गया है। इसलिए सभी को लाइन हाजिर करने के आदेश कर दिए गए हैं।