सिंधौली कसबे में करीब एक माह से फुंके ट्रांसफार्मर को बदले नहीं जाने पर वहां के नागरिक मंगलवार को फिर भड़क उठे। क्षेत्रवासी ओवरलोडिंग की समस्या से निजात पाने के लिए वहां अधिक क्षमता का बड़ा ट्रांसफार्मर लगाए जाने की लंबे समय से मांग कर रहे हैं। कोई सुनवाई नहीं होने पर पिछले दिनों उन्होंने बाईबाग स्थित विद्युत वितरण खंड प्रथम के एक्सईएन दफ्तर में प्रदर्शन भी किया, लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला। इस संबंध में कलक्ट्रेट पहुंचे नागरिकों ने नारेबाजी करके अपना गुस्सा उड़ेला और ज्ञापन के माध्यम से अफसरों को चेताया कि तीन दिन में समस्या का समाधान नहीं होने पर उग्र आंदोलन छेड़ दिया जाएगा। सिंधौली कसबे में पेट्रोल पंप के पास करीब पांच साल पहले 250 केवी का ट्रांसफार्मर रखा गया था। तब से आबादी के सापेक्ष मकानों की संख्या बढने से कसबे में बिजली की खपत भी बढ़ गई। इस कारण ट्रांसफार्मर आए दिन ओवरलोडिंग से जलकर खराब होने लगा। गत माह ट्रांसफार्मर फुंकने पर सिंधौली के रहने वाले भाजयुमो के जिला मंत्री रज्जन मिश्रा वहां के लोगों को साथ लेकर एक्सईएन ग्रामीण अशोक सुंदरम से मिले और अधिक क्षमता का नया ट्रांसफार्मर लगाए जाने की गुहार की। इसके बावजूद 250 केवी का दूसरा ट्रांसफार्मर लगा दिया गया। ट्रांसफार्मर की लोड क्षमता नहीं बढ़ाए जाने से बदला गया ट्रांसफार्मर भी आग की लपटों से घिर गया। इसे लेकर क्षेत्रवासियों ने करीब दो सप्ताह पहले एक्सईएन ऑफिस के सामने प्रदर्शन किया था। वहां मौजूद मिले एसडीओ ने ट्रांसफार्मर की लोड क्षमता बढ़ाने का आश्वासन भी दिया, लेकिन नतीजा शून्य रहा। यही वजह रही कि बदला गया ट्रांसफार्मर जलने से सप्लाई ठप होते ही वहां के आक्रोशित लोग मुख्यालय पर आ धमके। सिटी मजिस्ट्रेट को डीएम के नाम दिए ज्ञापन में कहा गया हेग कि इस बारे में एक्सईएन को लिखित रूप से अवगत कराए जाने पर भी ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया। बिजली नहीं होने से सिंधौली कसबा समेत आसपास के गावों के हजारों लोग सबेहद परेशान हैं। समस्या का समाधान शीघ्र नहीं होने पर उग्र आंदोलन छेड़ दिया जाएगा और इसके लिए विभाग के अधिकारी जिम्मेदार होंगे। प्रदर्शन में शोभित गुप्ता, विनीत दीक्षित, पंकज कुमार, महेश चंद्र, रामसागर, रमेश दीक्षित, श्रीपाल सक्सेना, सुमित शर्मा, दिनेश सक्सेना, कमलेश कुमार आदि शामिल रहे।