बीडीओ और ब्लॉक प्रमुख के बीच चल रहे मतभेद मंगलवार को खुलकर सामने आ गए। दोनों के बीच तीखी नोकझोंक और धक्कामुक्की हुई। मारपीट की नौबत तक आ गई। बीडीओ के समर्थन में लामबंद हुए कर्मचारियों ने दफ्तर में तालाबंदी कर कामकाज ठप कर दिया। बीडीओ ने मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को देने के बाद ब्लॉक प्रमुख पर नियम विरुद्ध काम करने के लिए दबाव बनाने और अभद्रता करने का आरोप लगाते हुए थाने पर तहरीर दी है। ब्लॉक प्रमुख ने आरोपों को गलत बताया है। इधर, जिला विकास अधिकारी उग्रसेन यादव ने बताया कि उन्हें मामले की जानकारी मिली है। इस संबंध में दोनों पक्षों से बात करने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
ब्लॉक प्रमुख गोपाल वर्मा और क्षेत्र पंचायत अधिकारी (बीडीओ) सुधीर यादव के बीच कई दिनों ने अनबन चल रही है। बीडीओ का आरोप है कि मंगलवार को वह ऑफिस पहुंचे तो ब्लॉक प्रमुख उनकी कुर्सी पर बैठे थे और उनके आने पर भी नहीं उठे। इस पर उन्हें दूसरी कुर्सी पर बैठना पड़ा। इसके बाद ब्लॉक प्रमुख ने उन पर क्षेत्र पंचायत में हो रहे कार्यों का भुगतान कराने के लिए दबाव बनाया, जबकि वे कार्य अभी अधूरे हैं। यहीं नहीं ब्लॉक प्रमुख ने उन्हें 17 ग्राम विकास अधिकारियों को नई तैनाती देने के लिए सूची दी। बीडीओ का आरोप है कि जब उन्होंने नियम विरुद्ध कार्य करने से मना कर दिया तो ब्लॉक प्रमुख उनसे अभद्रता करने लगे और थप्पड़ मारने के लिए दौड़े लेकिन वहां मौजूद कुछ लोगों ने उन्हें पकड़ लिया। घटना के विरोध में कर्मचारियों ने दफ्तर में तालाबंदी कर काम ठप कर दिया। बीडीओ ने बताया कि ब्लॉक प्रमुख इससे पहले भी उन पर नियम विरुद्ध कार्य करने के लिए दबाव बनाकर बेइज्जत कर चुके है।
बीडीओ ने घटना की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी और कर्मचारियों के साथ थाने जाकर ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ पुलिस को तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग की। इस संबंध में एसएसआई राकेश कुमार ने बताया कि घटना की तहरीर मिली है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कोट्स
ब्लॉक प्रमुख अक्सर गलत कार्य करने के लिए दबाव बनाते रहते हैं। ऐसी स्थिति में मेरा और स्टाफ का काम करना मुश्किल हो गया है। आज की घटना से डीएम और सीडीओ को अवगत करा दिया गया है। अधिकारियों से इस मामले में ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और अन्यथा की स्थिति में मेरे सहित पूरे स्टाफ का ट्रांसफर करने की मांग की गई है।
- सुधीर कुमार यादव, बीडीओ जलालाबाद
बीडीओ के आरोप निराधार हैं। कुछ ग्राम पंचायतों में ग्राम पंचायत अधिकारियों के सही से काम न करने पर मैंने बीडीओ से उनका क्षेत्र बदलने को कहा था। बीडीओ ने ग्राम पंचायत अधिकारियों के माध्यम से कई गांवों में शौचालय और आवास दिलाने के नाम पर लाभार्थियों से रुपये वसूले थे। जब मैंने रुपये वसूलने की बात कही तो बीडीओ भड़क गए और अभद्रता करने लगे। मैं इस मामले में कार्रवाई के लिए जिले के अन्य ब्लॉक प्रमुखों के साथ डीएम से मिलूंगा।
- गोपाल वर्मा, ब्लॉक प्रमुख, जलालाबाद