सोशल मीडिया से जुड़े पत्रकार जगेंद्र सिंह के पुलिस की दबिश के दौरान झुलसने के मामले में पुलिस की भूमिका को निशाने पर लेते हुए विभिन्न स्थानों से आए पत्रकारों ने सिर पर काली पट्टियां बांधकर कलक्ट्रेट में ्प्रदर्शन किया। डीएम-एसपी से वार्ता की जिद करते हुए धरना भी दिया। करीब दो घंटे बाद डीएम के बुलावे पर उनसे पत्रकारों का शिष्टमंडल मिला और उन्हें ज्ञापन देकर जगेंद्र प्रकरण में कई मांगें रखीं। डीएम ने पत्रकारों को जगेंद्र का बेहतर इलाज कराने के साथ ही जांच पूरी होने तक उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगाने का आश्वासन दिया।
पत्रकार ज्ञापन देना चाहते थे तो प्रभारी सिटी मजिस्ट्रेट एपी श्रीवास्तव ने प्रशासनिक व्यवस्था के तहत ज्ञापन देने का आग्रह किया, लेकिन पत्रकारों की अगुवाई कर रहे संदीप अग्रवाल डीएम-एसपी के अतिरिक्त अन्य किसी अधिकारी से अपनी बात कहने को तैयार नहीं हुए। अंतत: अफसरों ने पत्रकारों के पांच सदस्यीय शिष्टमंडल को विकास भवन के फस्र्ट फ्लोर पर ले जाकर डीएम से वार्ता कराई।
संदीप अग्रवाल ने बताया कि डीएम ने जगेंद्र सिंह को लखनऊ के किसी निजी अस्पताल में शिफ्ट कराकर उनका बेहतर इलाज कराने, अमित भदौरिया द्वारा कराई गई एफआईआर के मामले में जांच पूरी होने तक जगेंद्र की गिरफ्तारी नहीं करने और शहर कोतवाल को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर करने का आश्वासन दिया है।
शहर कोतवाल को एसपी ने किया लाइन हाजिर
पत्रकारों के प्रदर्शन और उन्हें डीएम से मिले आश्वासन के अनुरूप एसपी बबलू कुमार ने शहर कोतवाल श्रीप्रकाश राय को लाइन हाजिर कर दिया है। उन्होंने बताया कि इंस्पेक्टर राय को उनकी कार्य प्रणाली ठीक नहीं होने के कारण लाइन हाजिर किया गया है।