मनरेगा
के कामों में भ्रष्टाचार की
शिकायतों का यह ताजा उदाहरण
है। हाल ही में सोशल ऑडिट टीमों
ने सिंधौली,
पुवायां,
तिलहर
और खुटार ब्लॉक के विभिन्न
गांवों में इंदिरा आवासों
सहित मनरेगा से संबंधित कार्यों
की जांच की तो पता चला कि 47
लाख
रुपये के कार्य सिर्फ कागजों
पर दर्शाकर रकम हड़प ली गई।
लोकपाल ने यह मामला गबन का
मानते हुए संबंधित ग्राम
प्रधानों और अन्य ग्राम स्तरीय
अधिकारियों से रकम की रिकवरी
कराने की प्रशासन से सिफारिश
की है।
ब्लॉक
स्तर पर गठित सोशल ऑडिट टीमों
ने जन शिकायतों के आधार पर
क्षेत्रवार संबंधित गांवों
में मनरेगा के तहत अब तक कराए
गए विकास कार्यों सहित इंदिरा
आवासों के निर्माण का भौतिक
सत्यापन किया तो चौंकाने वाले
तथ्य सामने आए।
सबसे
ज्यादा 21.63
लाख
रुपये का धनराशि का दुरुपयोग
सिंधौली ब्लॉक में पाया गया।
ऑडिट टीम को पता चला कि मनरेगा
मद में 18.60
लाख
रुपये और इंदिरा आवासों में
3.03 लाख
रुपये की धनराशि काम कराए बगैर
हड़प ली गई।
खास
यह है कि ऑडिट टीम ने इस ब्लाक
के गनपतपुर हरैया,
महानंदपुर,
मूड़ा
हारिस,
खंडसार,
दिलावरपुर,
पिलखना,
नगरिया
प्रयागपुर,
चक
कन्हऊ,
जमुनिया,
अनावा,
गरगैया,
मुड़िया
पवांर,
खिरिया
पाठक और भटपुरा रसूलपुर गांवों
को जांच के दायरे में लेने पर
इतनी गड़बड़ी पकड़ी। टीम
प्रभारी का मानना है कि अन्य
गांवों में जांच करने पर भी
शासकीय धनराशि के दुरुपयोग
संबंधी मामले सामने आ सकते
हैं।उधर,
पुवायां
ब्लॉक के महुरेना,
मदनापुर
बैवहा,
कंजा
पुरेना,
गंधनी,
बसखेड़ा
बुजुर्ग,
अगौना
बुजुर्ग,
सकरापुर,
जुझारपुर,
सैदापुर,
घनश्यामपुर
खुर्द,
हरदुआ,
मीरपुर,
धरमंगदपुर
जब्ती,
बद्रीपुर
हदीरा,
आयूं,
बेहटा
सन्वात,
बिलसड़ी
बुजुर्ग,
नगरिया
बुजुर्ग,
रघुनाथपुर
और औरंगाबाद में सोशल ऑडिट
टीम ने दौरा करके इन गांवों
में 8.05
लाख
रुपये की घपलेबाजी पकड़ी।
कहीं शौचालय गायब मिला तो कहीं
रोड पर खड़ंजा की जगह पड़ंजा
लगा पाया गया।
प्रधानों
और संबंधित अधिकारियों से
रिकवरी की सिफारिशमनरेगा
लोकपाल डॉ.
सुरेश
चंद्र मिश्र के अनुसार सोशल
ऑडिट टीमों ने तिलहर ब्लॉक
के गांवों में 18
लाख
रुपये और खुटार ब्लॉक में 1.5
लाख
रुपये शासकीय धनराशि के दुरुपयोग
का ब्योरा भेजने केसाथ संबंधित
ग्राम प्रधानों और ग्राम
स्तरीय अन्य अधिकारियों से
इस धनराशि की रिकवरी कराए जाने
का अनुरोध किया है। डीएम और
सीडीओ से इसी आशय की संस्तुति
की जा रही है।
दिसंबर
के दूसरे सप्ताह आएगी सीबीआई
टीम
मनरेगा
में भ्रष्टाचार के मामलों की
जांच करने केलिए सीबीआई टीम
लखनऊ मुख्यालय से दिसंबर के
दूसरे सप्ताह में यहां आएगी।
मनरेगा लोकपाल ने बताया कि
जांच के लिए सीबीआई के अधिकारी
प्रणव कुमार,
बीके
बिरदी और सुनील झा ने आठ दिसंबर
के बाद यहां आने का संकेत दिया
है।