शाहजहांपुर। ओसीएफ स्पोर्ट्स स्टेडियम में शनिवार की दोपहर क्रिकेट मैच खेल रहे रोजा की आदर्श नगर कॉलोनी निवासी खिलाड़ी साेनल चंद्रा (34) बैटिंग के बाद सीने में दर्द के कारण बेसुध हो गए। इलाज के लिए बरेली ले जाते समय उनकी मौत हो गई।
निगोही के एक प्राइवेट स्कूल में शिक्षक सोनल क्रिकेट खेलने के शौकीन थे। वह उप्र क्रिकेट एसोसिएशन में अंपायर भी थे। वह शाहजहांपुर में झंडा क्लब की ओर से खेलते थे। शनिवार दोपहर ओसीएफ की टीम से मुकाबला था। सोनल ने बैटिंग कर 33 रन बनाए। इसके बाद वह स्टेडियम की सीढि़यों पर आकर बैठ गए। थोड़ी देर में उन्हें उलझन महसूस हुई। देखते-देखते सीने में दर्द उठा और वह बेसुध होने लगे। तब साथी खिलाड़ियों का ध्यान उनकी तरफ गया।
साथियों ने उन्हें उठाया और कार से लेकर ओसीएफ अस्पताल पहुंचे। यहां से उन्हें शहर के एक हृदय रोग विशेषज्ञ के पास ले गए। डॉक्टर ने प्राथमिक उपचार के बाद सोनल को बरेली ले जाने की सलाह दी। बरेली ले जाते समय उनकी मौत हो गई।
मामा संजीव ने बताया कि भांजे सोनल के पिता महेश चंद्र बीएसएफ में थे। जब सोनल तीन माह के थे, तब वह शहीद हो गए थे। सोनल की मां सुनीता चंद्रा सेवानिवृत्त शिक्षिका हैं। नानी मधुबाला रोजा की चेयरमैन रह चुकी हैं। थाना सदर बाजार इंस्पेक्टर बृजेश कुमार सिंह व रोजा थाना इंस्पेक्टर राजीव कुमार का कहना है कि उन्हें ऐसी कोई जानकारी नहीं है।
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कई बार हार्ट में 60 प्रतिशत तक ब्लॉकेज आने पर लक्षण प्रकट नहीं होते हैं। जब ब्लॉकेज बढ़ जाता है तो कार्डियक अरेस्ट जैसी घटना हो जाती है। वर्तमान में तनाव हार्ट संबंधी बीमारियों का बड़ा कारण है। लोगों की दिनचर्या में परिवर्तन से भी शरीर रक्तचाप अनियमितता का शिकार हो जाता है। लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहते हुए समय-समय पर चेकअप कराते रहना चाहिए।
-डॉ. पीके अग्रवाल, हृदय रोग विशेषज्ञ, पूर्व अध्यक्ष यूपी आईएमए