अब तक जिले में बने 245 लाइसेंस
- कार्ड बनने में देरी होने पर आवेदक परेशान
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर। स्मार्ट कार्ड ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए पहुंचने वाले नए आवेदकों एवं उत्सुक लाइसेंस धारकों की वजह से एआरटीओ कार्यालय में उन्हें लंबी-लंबी लाइनें लगाना पड़ रहीं हैं। साथ ही लाइसेंस बनवाने की इस नई प्रक्रिया में विभागीय कर्मचारियों के अभ्सस्त न होने से आवेदकों को खासी समस्याओं का सामना भी करना पड़ रहा है। परेशान आवेदक दलालों के माध्यम से लाइसेंस बनवाने में ही भलाई समझ रहे हैं। अब तक जिले में 245 स्मार्ट कार्ड लाइसेंस बन चुके हैं।
विगत दिनों जिले में भी स्मार्ट कार्ड से ड्राइविंग लाइसेंस बनना शुरू हुए हो गए हैं। जिससे डुप्लीकेट लाइसेंस बनवाने एवं रिन्यूवल कराने वालों के साथ ही नए लाइसेंस के लिए आवेदन करने वालाें की संख्या में खासा इजाफा हुआ है। ग्राहकों को बायोमेट्रिक प्रक्र्रिया से लाइसेंस बनवाने में आवेदक को चार बार लाइन में लगने को मजबूर होना पड़ रहा है। एक बार लाइन लगने में एक घंटे से अधिक का समय लग जाता है।
बार-बार लाइन में लगने की वजह से आवेदक दलालों के माध्यम से काम कराने में ही भलाई समझ रहे हैं। जिससे दलालों की आमदनी में भी खासा इजाफा हो रहा है। इस बारे में सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी दरोगा सिंह ने बताया कि सभी फार्मेल्टी पूरी करने के बाद दो से तीन दिन का समय लग जाता है। आवेदक आराम से स्मार्ट कार्ड ड्राइविंग लाइसेंस बनवाएं।
स्मार्ट कार्ड हुए खत्म
स्मार्ट कार्ड ड्राइविंग लाइसेंस बनाने में प्रयोग होने वाले स्मार्र्ट कार्ड खत्म हो गए हैं। जिससे कार्ड आने तक आवेदकों को इंतजार करना पड़ेगा। बता दें कि जिले में 250 स्मार्ट कार्ड आए थे, जिनमें पांच खराब निकल गए। बाकी लाइसेंस अब तक आवेदकों के बन चुके हैं।