शाहजहांपुर। बेहद मिलनसार और हंसमुख स्वभाव के प्रधानाचार्य देवेश वैश्य की सड़क दुर्घटना में मौत का समाचार जिलेे में फैलते देर नहीं लगी। प्रधानाचार्योें और शिक्षकों ने एक-दूसरे को मोबाइल पर सूचना देकर दुख व्यक्त किया। इसके बाद बड़ी संख्या में शिक्षा जगत से जुड़े लोग जिला अस्पताल पहुंचने लगे। जैसे ही श्री वैश्य का शव वाहन से निकालकर स्ट्रेचर पर रखा गया कि वहां मौजूद शिक्षक और प्रधानाचार्य फफक पड़े। इसी बीच देवेश की बहन वहां पहुंच गईं। उनका करुण क्रंदन सुन तमाम लोगों की आंखें छलछला उठीं। इधर, देवेश वैश्य की पत्नी और उनके इंजीनियर बेटे को इसकी सूचना नहीं दी गई थी। देेवेेश का बेटा झारखंड में इंजीनियर है, जबकि बड़ी बेटी सताक्षी नोेएडा में और छोटी मनू तक्षशिला पब्लिक स्कूल में इंटर की छात्रा है।
श्री वैश्य प्रधानाचार्य परिषद के वरिष्ठ उपाध्यक्ष भी थे। वह वर्ष 1981 से 1987 तक आदर्श इंटर कालेज निगोही में बतौर प्रवक्ता रहे, इसकेबाद इसी कालेज में प्रधानाचार्य का कार्यभार देखने लगे। 25 सितंबर 2009 कोे कमीशन से उन्हें पुवायां इंटर कालेज पुवायां में प्रधानाचार्य नियुक्त कर दिया गया। नगर के मुहल्ला बृज बिहार कालोेेेनी में उन्होंने बहुत ही अरमानों से घर बनाया था, तब से वह यहीं से कालेज आते-जाते थे। दुर्घटना का समाचार और देवेश वैश्य की मौत का समाचार सुन बड़ी संख्या में प्रधानाचार्य और शिक्षक जिला अस्पताल पहुंच चुके थे।
अस्पताल पहुंचने वालों में शिक्षक नेता संतोष पांडेय, प्राचार्य डॉ. अवनीश मिश्रा, प्रधानाचार्य संजय मिश्रा, शाकिर अली, डॉ. अमीर सिंह, आरपी राम, केपी अग्निहोत्री, प्रमोद गुप्ता, गोपी बल्लभ, ललित मोहन, अवधेश सिंह अरुण, राजेंद्र जौेहरी, देवेश वाजपेयी, सौरभ गुप्ता, नीरज मिश्रा, रूपराम, संदीप मिश्रा, किशन लाल छाबड़ा, अच्छू खां समेत बड़ी संख्या में शिक्षक शामिल रहे।
शोक में आज बंद रहेंगे कालेज
प्रधानाचार्य परिषद के जिलाध्यक्ष केपी अग्निहोत्री और सचिव आरपी राम ने कहा है कि प्रधानाचार्य देवेश वैश्य की सड़क दुर्घटना में हुई मौत के कारण शिक्षा जगत शोक में डूबा है। इसलिए कल 23 नवंबर को जिले के समस्त कालेज बंद रहेंगे।