मिल कर्मचारी के घर पर चार लोगों का हमला
- दोस्त का पक्ष लेने से नाराज थे हमलावर
- मौके से 21 खोखे बरामद, मुकदमा दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
रौसर कोठी। आरसी मिशन थाना क्षेत्र में रोजा चीनी मिल कॉलोनी में रहने वाले मिल कर्मचारी आनंद दीक्षित के घर पर शुक्रवार रात चार लोगों ने हमला करके अंधाधुंध हवाई फायरिंग की। हमलावरों का मकसद केवल आतंक फैलाना था। चारों हमलावर मौके से फरार हो गए। इसके बाद वहां पहुंची पुलिस ने मौके से 21 खोखे बरामद किए। बताया जाता है कि करीब 45 राउंड से अधिक फायरिंग हुई है।
घटना की पृष्ठभूमि में बताया गया है कि मिल की मस्जिद के पास स्थित दूसरी कॉलोनी में रहने वाले भानु पुरी और दीक्षित के मकान के पास ही रहने वाले मोनू सिंह की आपस में दोस्ती थी। बृहस्पतिवार को दोनों के बीच मोबाइल फोन पर बात हो रही थी, उसी में किसी बात को लेकर विवाद हो गया। विवाद काफी बढ़ा और दोनों ने एक-दूसरे को देख लेने की धमकी दी। इसके बाद मोनू ने भानु के करीबी आनंद दीक्षित से बात की। मोनू ने यह सोचकर बात की कि भानु से हिसाब चुकता करने में आनंद दीक्षित आड़े आ सकते हैं, इसलिए उनसे मोनू ने बीच में न बोलने के लिए कहा। हुआ उल्टा, आनंद दीक्षित ने मोनू को पहले तो समझाया और न मानने पर डांट दिया। यह बात मोनू को गवारा नहीं हुई और भानु से बदला लेने के बजाए पहले आनंद दीक्षित से ही निपट लेने की ठान ली।
मोनू रौसर कोठी के पास मैकडावल कॉलोनी के पास के रहने वाले संतोष कुमार, विसरात में रहने वाले रूवल सिंह यादव और रोजा चीनी मिल के पास निजी मकान में रहने वाले अजीत को कार से साथ लेकर शुक्रवार रात करीब पौने बारह बजे आनंद दीक्षित के घर पहुंच गया। पहुंचते ही इन लोगों ने एक फायर करके आनंद दीक्षित को बाहर आने की चुनौती दी। मौके की नजाकत को देखते हुए आनंद दीक्षित आड़ लेकर ही हमलावरों से बात करते रहे। उन्होंने समझाया कि तमाशा न करें। वहीं उत्तेजित मोनू और उसके साथी नहीं माने और फिर नाजायज असलहों से अंधाधुंध फायरिंग कर डाली। इस दौरान कॉलोनी में दहशत छा गई और लोग अंदर ही छुपे रहे।
पुलिस का सायरन सुनकर भागे हमलावर
फायरिंग के दौरान ही आनंद दीक्षित ने आरसी मिशन थाना पुलिस को खबर दे दी। इसके बाद तुरंत ही पुलिस पंद्रह मिनट बाद ही वहां पहुंच गई। पुलिस अपनी जीप का सायरन बजाते हुए पहुंची थी। सायरन की आवाज सुनकर हमलावर सचेत हो गए और कार में बैठकर मेकडोवल कॉलोनी की तरफ भाग गए। इन दोनों कॉलोनी के बीच कोई दीवार नहीं है, सो भागने में उनके कहीं कोई बाधा नहीं आई।
चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज
आनंद दीक्षित की ओर से मोनू, अजीत, रूवल सिंह यादव और संतोष कुमार के विरुद्ध जानलेवा हमले, गाली गलौज और जान से मारने की धमकी की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज हो गया है।
हमलावरों पर राजनीतिक संरक्षण की चर्चा
बताते हैं कि नामजद हुए हमलावरों की गिरफ्तारी अभी इसलिए संभव नहीं हो पा रही है, क्योंकि उन पर राजनीतिक संरक्षण है। चारों लोग अलग-अलग पार्टी में अच्छी पैठ रखते हैं।
पहले भी होती रही हैं अंधाधुंध फायरिंग
एफसीआई गोदाम के सामने पैसे के लेन-देने के विवाद में एक टैंट मालिक पर एक फैक्ट्री के सुरक्षा कर्मियों ने अंधाधुंध फायरिंग की थी, मगर वह बच गए थे। वहीं एक महीने पहले रौसर कोठी में ही दो पक्षों के बीच भई जमकर फायरिंग हुई थी। बाद में हालांकि दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था।