हिताय मोर्चा के कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन
डीएसओ दफ्तर में बरसों से जमे बाबुओं के तबादले की मांग
फोटो 06 में।
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर।
जिला आपूर्ति कार्यालय में बरसों से जमे कर्मचारियों का तबादला नहीं किए जाने से भ्रष्टाचार को मिल रहे बढ़ावा के बावजूद व्यवस्था में सुधार नहीं किए जाने और जनहित की अन्य कई मांगों को लेकर सर्व समाज हिताय मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। बाद में संगठन के अध्यक्ष मोहम्मद नबी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं का शिष्टमंडल सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार से मिला और उन्हें डीएम के नाम ज्ञापन दिया, लेकिन वार्ता में संतोषजनक उत्तर नहीं मिलने पर जीआईसी ग्राउंड के शहीद स्तंभ के पास अनशन शुरू कर दिया।
बीते शुक्रवार को मोर्चा के पदाधिकारियों ने डीएसओ दफ्तर में भ्रष्टाचार को मुद्दा बनाकर आपूर्ति कार्यालय और कलक्ट्रेट में प्रदर्शन किया था। बाद में डीएम के नाम ज्ञापन देकर कहा था कि शासनादेश के अनुसार एक मंडल में अधिकतम सात वर्ष तक सरकारी कर्मचारी तैनात रह सकते हैं, लेकिन आपूर्ति कार्यालय में कई लिपिक 16 वर्ष से अधिक समय से जमे हैं। अधिकारियों को यह भी बताया कि मृतक आश्रित कोटे में चतुर्थ श्रेणी लिपिक पद पर पदोन्नत हुए कई कर्मचारियों का टाइप टेस्ट नहीं लिया गया है।
ज्ञापन में ऐसे कर्मचारियों के नामों का उल्लेख करते हुए कहा गया कि उचित कार्रवाई नहीं होने पर मोर्चा कार्यकर्ता मंगलवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर देंगे। इस ज्ञापन पर कार्यवाही का ब्यौरा लेने के लिए संगठन के कार्यकर्ता हाथों में तिरंगे लेकर नारेबाजी करते हुए कलक्ट्रेट पहुंचे और सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन दिया। सिटी मजिस्ट्रेट ने कार्रवाई के लिए चार दिन का समय मांगा। मोर्चा के अध्यक्ष ने इस बारे में लिखित आश्वासन मांगा। सिटी मजिस्ट्रेट ने इस बारे में लिखित रूप से देने से इंकार किया। इस पर कार्यकर्ताओं के साथ मोर्चा अध्यक्ष ने अनशन शुरू कर दिया। उनके साथ शादान खां, धर्मेंद्र कुमार, राम निवास, सुमन, बेबी, पूजा, नीतू पाल, याकूब आदि हड़ताल में शामिल रहे।