तांगा से बाढ़ प्रभावित बीघापुर गांव पहुंचीं केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णा राज
बाढ़ पीड़ितों ने लगाया शिकवे-शिकायतों का अंबार, सांसद निधि से 50 लाख देने की घोषणा
बाढ़ से घिरे ग्राम अतरीनिजामपुर के ग्रामीणों ने स्कूल में ली शरण
फोटो-33,35,36,37,38
अमर उजाला ब्यूरो
शाहजहांपुर/कलान/मिर्जापुर/परौर। करीब एक माह से गंगा-रामगंगा और बहगुल में आई बाढ़ के संकट से जूझ रहे जलालाबाद और कलान क्षेत्र के ग्रामीणों ने शनिवार को केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्यमंत्री कृष्णा राज को अपने बीच पाकर उनके सामने शिकवे-शिकायतों का अंबार लगा दिया। सांसद आदर्श ग्राम योजना में चयनित कलान क्षेत्र में नायक जदुनाथ सिंह के पैत्रक भ्रमण खजुरी पहुंचने पर ग्रामीणों ने प्रधान के सामने विकास के नाम पर गांव की उपेक्षा किए जाने और बाढ़ से बचाव के नाम पर प्रशासन से पर्याप्त सहायता नहीं मिलने पर अपना गुस्सा उड़ेला।
खजुरी में ग्रामीणों की समस्याएं सुनते हुए केंद्रीय राज्यमंत्री ने शहीद के गांव में विकास कराने का वायदा दोहराते हुए इसके लिए सांसद निधि से 45 लाख रुपये देेने की घोषणा की। साथ ही पानी की टंकी के लिए सरकार से पांच करोड़ रुपये स्वीकृत कराने का वायदा किया। इस मौके पर डीएम अमृत त्रिपाठी ने विभिन्न योजनाओं में विकास कार्य नहीं कराने पर ग्राम प्रधान महिपाल सिंह को लताड़ लगाई और सभी कार्य 15 दिन में पूरे कराने का निर्देश दिया। डीएम ने ग्रामीणों को विकास कार्य के लिए शासन से 25 लाख रुपये स्वीकृत कराने का भरोसा दिया। इस मौके पर सीडीओ प्रेरणा शर्मा, एसपी शिवा सिम्मी चनप्पा, एसडीएम चंद्र प्रकाश सरोज, बीडीओ नरेंद सिंह आदि अधिकारी मौजूद रहे।
इसके बाद केंद्रीय राज्यमंत्री तांगा पर सवार होकर बाढ़ प्रभावित बीघापुर गांव पहुंचीं। उन्होंने पीड़ित ग्रामीणों को सुनकर उन्हें सांत्वना दी और शासन-प्रशासन से हर संभव मदद दिलाने का आश्वासन दिया। इस मौके पर भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य सत्यभान सिंह भदौरिया, पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष बाबूराम गुप्ता, सुशील मिश्रा, अमन गुप्ता आदि उनके साथ रहे। खास यह है कि प्रशासन ने अभी तक आजादनगर, इस्लामनगर और बीघापुर गांवों में ही आटा-चावल का वितरण किया है, जबकि बाढ़ से अन्य तमाम गांव भी घिरे हैं। बाढ़ ग्रस्त अतरी निजामपुर पहुंचना आम आदमी के वश का नहीं रह गया है। गांव को जाने वाले रास्ते में नदी से तेज बहाव हो रहा है। ग्रामीण भूखे-प्यासे गांव के प्राथमिक स्कूल में शरण लिए हुए हैं।
---------
गंगा का जल स्तर बढ़ा
गंगा-रामगंगा में बीते 24 घंटेे के दौरान जल स्तर दस सेमी बढ़ गया। बाढ़ नियंत्रण कक्ष के अनुसार बैराजों से पानी की निकासी बढ़कर 2.54 लाख क्यूसेक हो गई है।
-----------------------
मोहनपुर के पास रामगंगा की जिओ ट्यूब ठोकर में पड़ी दरार
परौर ग्राम पंचायत के मजरा मोहनपुर के पास रामगंगा से कटान रोकने को डाली गई जीओ ट्यूब में दरार पड़ जाने से गांव के लोग चितिंत हो गए हैं। कटान रोकने को सिंचाई विभाग द्वारा कोई प्रयास नहीं किए जाने पर ग्रामवासियों ने स्वयं रेत से भरी बोरियां स्वयं नदी में डालकर कटान रोकने का प्रयास किया। साथ ही परौर से जूनियर हाई स्कूल की तरफ जाने वाला मार्ग बेहद खराब हो गया है। कटान में सत्यपाल सिंह, महिपाल सिंह, कृष्णपाल सिंह, चुन्नी लाल, दलवीर सिंह, चंद्रपाल, राजेद्र कुशवाहा, अतर सिंह यादव आदि की धान की फसल रामगंगा में कटकर नष्ट हो गई।
-------------
अतरीनिजामपुर जाने वाले रास्ते में तेज बहाव
मिर्जापुर। बाढ़ से घिरे ग्राम अतरीनिजामपुर जाने वाले रास्ते में नदी से तेज बहाव हो रहा है। ग्रामीण भूखे-प्यासे गांव के प्राथमिक स्कूल में शरण लिए हुए हैं। शुक्रवार को बीघापुर गांव मे 50 परिवारों को प्रति दस किलोग्राम के हिसाब से आटा,आलू,नमक,तेल वितरण कर अब गांव में नाव से जाने का खतरा कोई उठाने को तैयार नहीं है। गांव के बीमार भगवान भरोसे हैं। दिन भर की बारिश मे ग्राम दोशपुर थोक के राजनारायण का मकान ढह गया है। जिससे उनका परिवार खुले आसमान के नीचे आ गया है।
--------------------------
प्राकृतिक आपदा में रोगियों के लिए सीएचसी बनी दिखावटी
बाढ़ की प्राकृतिक आपदा के समय भी सीएचसी जरीनपुर के प्रभारी डॉ. नवीन भारती को मरीज देखने में दिलचस्पी नहीं है। वह शनिवार को दोपहर 12 बजे अपने सरकारी आवास पर आराम करने चले गए जबकि उस वक्त सीएचसी में रोगी रजिस्ट्रेशन विंडों पर पर्चा बनवाने को परेशान थे। 15 किमी दूर ग्राम चौंरा बगरखेत से बुखार की दवा लेने आए खुशीराम, 12 किमी पैदल चलकर ग्राम कटैलानगला से आए रामशंकर दीक्षित, हीरानगर के राजीव, हरिहरपुर राजेन्द्र आदि ने बताया कि पर्चे बनना बंद हो गए हैं क्योंकि पर्चे बनाने वाले ने कल आने को कहकर खिड़की बंद कर ली है। सीएचसी में रोगी देख रहे डॉ.फुरकान अहमद ने बताया कि अस्पताल का अधिकांश स्टाफ बाढ़ क्षेत्र में है।