जलालाबाद (शाहजहांपुर)। नगर स्थित एक क्लीनिक पर रविवार को गंभीर हालत में पहुंची महिला की मौत हो गई। घटना से गुस्साएं परिजनों ने जमकर हंगामा किया। उनकी डॉक्टर से नोकझोंक भी हुई। आसपास के लोगों ने किसी तरह मामला शांत कराया। मृतका के बेटे ने डॉक्टर के खिलाफ कोतवाली पुलिस को तहरीर दे कर कार्रवाई की मांग की है। कोतवाल ने बताया कि घटना की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
नगर के मोहल्ला बाबूनगर निवासी पुत्तन लाल की 58 वर्षीय पत्नी अशोक कुमारी की रविवार दोपहर करीब एक बजे अचानक हालत खराब हो गई। परिजन उन्हें मुख्य चौराहा स्थित एक क्लीनिक पर ले गए, वहां डॉक्टर न होने पर वहां कंपाउंडर ने मरीज का पर्चा बनाकर उन्हें एक बेड पर लिटा दिया। कुछ देर बाद मरीज की हालत और बिगड़ने लगी। इसी बीच डॉक्टर आ गए। उन्होंने मरीज की हालत ज्यादा खराब देखी तो परिजनों को तत्काल बाहर ले जाने की सलाह दी, लेकिन परिजन डॉक्टर से उपचार शुरू करने के दिए दबाव बनाने लगे। इसी बात को लेकर डॉक्टर और परिजनों के बीच तीखी नोकझोंक और धक्का मुक्की होने लगी। इसी बीच महिला की मौत हो गई। घटना से गुस्साएं परिजनों ने डॉक्टर को जमकर खरीखोटी सुनाई और मृतका को घर लेकर चले गए। मृतका के बेटे दीपू गुप्ता ने कोतवाली पुलिस को दी तहरीर में कहा कि डॉक्टर ने उनकी मां को को देखन में ढिलाई बरती, नतीजतन उनकी मौत हो गई। आरोप है कि विरोध करने पर डॉक्टर हाथापाई पर उतर आए और उससे वहां से चले जाने को कहा। इस संबंध में डॉक्टर का कहना है कि मरीज की गंभीर हालत के चलते उन्होंने रोगी को भर्ती न करके उन्हें बाहर ले जाने की सलाह दी, परंतु परिजन उनके साथ अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हुए इलाज करने का दबाव बनाने लगे। कोतवाल केके चौधरी ने बताया कि घटना की तहरीर उन्हें मिली है, जिसकी जांच कराई जा रही है।