60 घंटे से अधिक समय बीतने के बाद भी अधिकारियों को नहीं सूझ रहा कोई रास्ता
फोटो-23,डीएम एसपी से वार्ता करता टॉवर पर चढ़ा रवींद्र
फोटो-24,टावर पर चढ़ा रवींद्र आजाद तिरंगा झंडा लहराते हुए
फोटो-25,जलालाबाद में टावर पर चढ़े आजाद से वार्ता करते डीएम व एसपी
अफसरों के आश्वासन पर भी टॉवर से नीचे नहीं उतरे ग्रामीण
अमर उजाला ब्यूरो
जलालाबाद। रविवार सुबह से टॉवर पर चढ़े दोनों ग्रामीण डीएम व एसपी के आश्वासन के बाद भी नीचे नहीं उतरे। 60 घंटे से जारी इस गतिरोध को दूर करने के लिए अधिकारियों को भी कोई रास्ता नजर नहीं आ रहा। उधर, मंगलवार को कलान के अलावा जलालाबाद के एसडीएम व सीओ कलान इस मामले के निपटारे के लिए लगे रहे।
डीएम अमृत त्रिपाठी और एसपी एसपी चन्नप्पा तहसील में समाधान दिवस निपटाने के बाद तहसीलदार इरफान उल्ला खां व कोतवाल हरेंद्र ंसिंह के साथ मेन रोड पर गाड़ी खड़ी करके काफी दूर पैदल चलकर उस टॉवर के पास पहुंचे, जहां कलान निवासी रवींद्र आजाद व मुन्ना सिंह रविवार से टॉवर पर चढ़े हुए हैं। अधिकारियों के पहुंचने पर आजाद ने जमीन से कब्जा हटवाने व उस पर दर्ज मुकदमे वापस लिए जाने की पुरानी मांग दोहराई, इस पर अधिकारियों ने उनसे कहा कि जमीन पर बताए गए कब्जे हटवा दिए गए हैं लेकिन आजाद नहीं माना। इसके बाद अधिकारियों ने कहा कि वह नीचे उतर आए और अपनी सभी समस्याएं लिखकर दे, हम लोग जायज समस्याओं का निस्तारण करवा देंगे। हम लोग इसका लिखित आश्वासन देने को तैयार हैं लेकिन वह नहीं माना। इसके बाद अधिकारी कुछ पुलिस कर्मियों को वहीं छोड़ वापस लौट गए। वार्ता के दौरान नगर पालकिा के चेयरमैन मुनेंद्र बाबू गुप्ता भी मौजूद रहे। उधर, डीएम के आदेश पर जलालाबाद व कलान के एसडीएम सीओ व पुलिस कर्मियों के साथ कलान क्षेत्र में रहकर इस मामले के निपटारे के प्रयास करते रहे।
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खाने-पीने की व्यवस्था के साथ चढ़े हैं टॉवर पर
टॉवर पर चढ़े दोनों ग्रामीण पूरे इंतजाम के साथ वहां मौजूद हैं। टॉवर में लगे ऐंगिल में कसी लोहे की बड़ी-बड़ी प्लेटें उन लोगों के लिए काफी मुफीद बनी हुई हैं। नीचे वाली प्लेट पर वहां पहुंचने वाले अधिकारियों व मीडिया कर्मियों से बातचीत करने का अड्डा उससे ऊपर वाली प्लेट पर पानी की बोतलें, झोला व अन्य सामान रखने के लिए उससे उपर प्लेट पर अपने व उससे ऊपर लगी प्लेट पर दूसरे साथी मुन्ना सिंह के लेटने का इंतजाम कर रखा है। उन लोगों के पास एक प्लास्टिक की बड़ी रस्सी, चादरें व कंबल समेत खाने-पीने का भी सामान है।
टॉवर पर फहराया तिरंगा
टावर पर चढ़े दो लोगों में से मुन्ना सिंह अभी एक बार भी लोगों के सामने नहीं आया। रवींद्र आजाद ही अधिकारियों, मीडिया से बातें कर रहा है। मुन्ना सिंह के पास पानी आदि पहुंचाने से लेकर बार-बार ऊपर नीचे आने का काम रवींद्र ही कर रहा है। मंगलवार को उसने वार्ता के दौरान पहले हाथ से तिरंगा झंडा फहराया, इसके बाद वह टॉवर के टाप पर चढ़ गया और वहां लगे ऐंगिल में तिरंगे को फहरा दिया।
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डीएम के सामने यह रखी मांगे
डीएम व एसपी के पहुंचने पर रवींद्र आजाद ने कहा कि बीस साल से सार्वजनिक जमीन पर कब्जा करके आम रास्ते को दबंगो ने बंद कर दिया था, जिसे हटवाने के लिए वह कलान में टॉवर पर चढ़ गया जिस पर तत्कालीन डीएम शुभ्रा सक्सेना के आदेश पर हटवा दिया गया, परन्तु उस पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया। इसके बाद कब्जा करने वालों ने तीन बार उस पर जानलेवा हमला किया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। बाद में दबंगों ने दोबारा उस जमीन पर कब्जा कर लिया। इसके अलावा मुन्ना सिंह की जमीन पर भी कुछ लोग कब्जा किए हुए हैं। सभी जमीनों को कब्जा मुक्त कराकर उसकी बीडीओ रिकार्डिंग दिखाई जाए और उस पर दर्ज सभी मुकदमें वापस हों, तभी वह नीचे आएगा।
चर्चित स्थल बना गांधीनगर मोहल्ला, लगी लोगों की भीड़
दो लोगों के बीते तीन दिनों से टॉवर पर मौजूद रहने के कारण नगर का गांधीनगर मोहल्ला क्षेत्र का चर्चित स्थल बन गया है, यहां सुबह से लेकर देर रात तक टॉवर पर चढ़े लोगों को देखने के लिए भारी भीड़ जमा रहती है। काफी घनी आबादी वाले इस मोहल्ले में जिस स्थान पर टॉवर लगा हुआ है, वहां तक कोई वाहन नहीं जा पाता है। इसके बाद भी वहा पहुंचने वालों का तांता लगा रहता है। यहां बच्चों व बूढ़ों के अलावा बड़ी तादाद में महिलाएं भी मौजूद रहती हैं।
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रास्ता बनवाने का काम हुआ शुरू
फोटो-34, जेसीबी से बन रही सड़क और मौजूद एसडीएम व सीओ
कलान। टॉवर पर चढ़े रविंद्र आजाद की रास्ता की मांग को लेकर एसडीएम व सीओ जलालाबाद की मौजूदगी में रास्ता का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया। कई मांगों को लेकर तीन दिन पूर्व जलालाबाद में टॉवर पर चढ़े रविंद्र आजाद और मुन्ना की कस्बा कलान में परौर तिराहे पर रास्ता खुलवाने की मांग मुख्य है जिसको मंगलवार को एसडीएम जलालाबाद विजय शर्मा, सीओ कलान, मिर्जापुर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर जेसीबी से रास्ता बनवाना शुरू कर दिया। डेढ़ वर्ष पूर्व भी इसी रास्ता की मांग को लेकर रविंद्र आजाद टॉवर पर चढ़ चुका था। उस समय भी रास्ता बनवाने के कार्य शुरू हुआ पर जब वह नीचे उतर आया तो रास्ता बनना बंद हो गया था। उसकी यह मांग पूरी होने से मोहल्ले के लोगों में खुशी है। जिस जमीन पर रास्ता बन रहा है उस जमीन की कीमत 80 लाख रुपये है। ब्यूरो