शाहजहांपुर। शहर के सेंट पॉल्स इंटर कालेज में ईवीएम और वीवी पैट मशीनों के प्रशिक्षण के तीसरे दिन रविवार को भी निर्वाचन कार्मिकों का सुबह से शाम तक मेला लगा रहा। सुबह 9.30 बजे से दोपहर 12.30 तक और दोपहर दो बजे से शाम 4.30 बजे तक दो पालियों में हुए प्रशिक्षण में करीब 2000 पीठासीन अधिकारी एवं मतदान कार्मिक, 52 सेक्टर मजिस्ट्रेट और अन्य कई मास्टर ट्रेनर्स बुलाए गए, लेकिन इनमें से विभिन्न श्रेणियों के कई कार्मिक गैरहाजिर रहे। जिला निर्वाचन अधिकारी/डीएम अमृत त्रिपाठी ने अनुपस्थित कर्मचारियों के खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम की विविध धाराओं के तहत एफआईआर कराने के निर्देश दिए हैं।
प्रशिक्षण की खास बात यह रही कि पहले मास्टर ट्रेनर्स ने दोनों मशीनों के संबंध में एक-दूसरे का ज्ञान परखा। बाद में पीठासीन अधिकारियों और मतदान कार्मिकों की मेजों पर भी दोनों मशीनों की तमाम यूनिटें सुलभ कराकर उन्हें उनकी कार्य प्रणाली समझाई और उनके प्रयोग का तरीका बताया। मास्टर ट्रेनर्स ने निर्वाचन कार्मिकों को मशीनों की संभावित खराबियों से अवगत कराने के साथ उन्हें तात्कालिक तौर पर ठीक कर काम लायक बनाने की विधि बताई और यह भी बताया कि विशेष परिस्थितियों में किस तरह नजदीकी पुलिस स्टेशन और तहसील कार्यालय से ईवीएम और वीवी पैट की दूसरी यूनिटें हासिल करनी हैं।
प्रशिक्षण सत्रों का डीएम त्रिपाठी और उप जिला निर्वाचन अधिकारी/एडीएम प्रशासन नरेंद्र सिंह ने निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने कर्मचारियों को निर्देश दिया कि प्रशिक्षण के प्रत्येक बिंदु को गंभीरता से ग्रहण करें, जिससे कि मतदान के समय मशीनों को लेकर कोई असुविधा नहीं होने पाए। प्रभारी अधिकारी निर्वाचन कार्मिक/मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने बताया कि प्रशिक्षण में सभी 32 मास्टर ट्रेनर मौजूद रहे, लेकिन सेक्टर मजिस्ट्रेट बनाए गए आपूर्ति विभाग के निरीक्षक महेश कुमार और 88 मतदान कार्मिक गैरहाजिर पाए गए। सीडीओ के अनुसार अनुपस्थित सेक्टर मजिस्ट्रेट समेत अन्य कार्मिकों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।