फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गुरुनानक देव की जयंती के उपलक्ष्य में निकाली गई नगर कीर्तन यात्रा

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन

गतका पार्टी ने दिखाए हैरतअंगेज करतब
गुरुनानक देव की जयंती के उपलक्ष्य में निकाली गई नगर कीर्तन यात्रा
बंडा में हुई आतिशबाजी ने लोगों का मन मोहा

अमर उजाला ब्यूरो
पुवायां/बंडा। श्री गुरुनानक देव जी के प्रकाशोत्सव के उपलक्ष्य में सोमवार को नगर कीर्तन यात्रा बड़ी धूमधाम से निकाली गई।
बंडा के गुरुद्वारा गुरुनानक देव से बाबा अमर सिंह, गुरु का ताल आगरा के संत बाबा प्रीतम सिंह के नेतृत्व में निकाली गई। कीर्तन यात्रा का शुभारंभ भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा ब्रज क्षेत्र के उपाध्यक्ष राजवीर सिंह बाठ ने पंच प्यारे और संत बाबा प्रीतम सिंह को शाल ओढ़ाकर किया। कीर्तन यात्रा के बंडा के मुख्य चौराहे पर पहुंचने पर गतका पार्टी ने हैरतअंगेज कारनामों का प्रदर्शन कर वाहवाही लूटी। इसके बाद यात्रा पुवायां पहुंची। पुवायां में राजीव चौक पर गतका पार्टी ने हैरतअंगेज करतब दिखाकर लोगों का मन मोह लिया। यात्रा में शामिल लोगों को कई स्थानों पर प्रसाद के रुप में फल वितरित किए गए। यात्रा में गुरुग्रंथ साहिब की फूलों की लड़ियों से सजी पालकी लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई थी। तमाम वाहनों पर लोग सबद कीर्तन करते चल रहे थे।
मीरी पीरी खालसा एकेडमी गहलुईया और बंडा के गुरु तेग बहादुर एजुकेशन एकेडमी, गुरुनानक कान्वेंट स्कूल के बच्चे नगर कीर्तन यात्रा के साथ कीर्तन कर सत नाम वाहेगुरु का जाप कर रहे थे। गुरु तेग बहादुर एजुकेशन एकेडमी के एमडी जसवीर सिंह ने पंच प्यारों और संत बाबा प्रीतम सिंह को सरोपा भेंट कर सम्मानित किया। नगर कीर्तन में बाबा तमाम संगत का सहयोग रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन

गुरु का ताल आगरा से आए संत सिपाही रणजीत अखाड़ा गुरु का ताल आगरा और दशमेश गतका अखाड़ा ददिउरी के कलाकारों ने कीर्तन यात्रा में गतका का प्रदर्शन कर लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। गतका पार्टी में बंडा के जसपाल सिंह का चार वर्षीय पुत्र करमजीत सिंह आकर्षण का केंद्र रहा। उसने गतका और शस्त्र की कई कलाएं दिखाकर लोगों की वाहवाही बटोरी। कीर्तन यात्रा की शुरुआत में बंडा से यात्रा के साथ सीओ संदीप सिंह, सिंधौली कोतवाली प्रभारी बिरजाराम, बंडा एसओ तेजपाल सिंह साथ रहे, लेकिन पुवायां से यात्रा के वापस होने के समय सीओ और सिंधोली कोतवाली सहित काफी फोर्स पुवायां में ही रह गया। केवल बंडा एसओ ही यात्रा के साथ वापस गए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें