शाहजहांपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने कहा है कि वन डिस्ट्रिक्ट-वन प्रॉडक्ट स्कीम से प्रदेश के 20 लाख युवाओं को नौकरी और रोजगार के अवसर मिलेंगे। एसएस विधि महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि इस योजना से युवा शक्ति का बड़े शहरों की ओर पलायन रुकेगा और वे गृह जनपद में ही अपने कौशल से अन्य तमाम युवाओं को भी सम्मान के साथ जीवन-यापन की राह दिखा सकेंगे। सीएम योगी ने मुमुक्षु शिक्षा संकुल के अधिष्ठाता स्वामी चिन्मयानंद का अनुरोध स्वीकार कर संकुल को विश्व विद्यालय का दर्जा देने के संकेत दिए।
सीएम योगी ने विरोधी दलों का नाम लिए बगैर कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का केंद्र बिंदु जाति-धर्म और परिवारवाद नहीं बल्कि किसान, मजदूर, युवा और महिलाएं हैं। इसीलिए किसानों की अनेंक योजनाएं चालू की गईं। आठ करोड़ गरीब परिवारों की महिलाओं को उज्जवला योजना के तहत मुफ्त रसोई गैस कनेक्शन दिए गए और 50 करोड़ महिलाओं को पहली बार प्रधानमंत्री बीमा योजना के तहत पांच लाख रुपये बीमा कवर दिया जबकि इससे पहले इन वर्गों की ओर किसी की दृष्टि नहीं गई। मोदी सरकार के नए विजन के तहत गरीब परिवारों को सौभाग्य योजना के तहत मुफ्त बिजली कनेक्शन दिए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्किल डवलपमेंट के तहत प्रदेश सरकार ने 11 माह में छह लाख युवाओं को कौशल विकास प्रशिक्षण दिया। यह कोर्स पास करने वाले 2.5 लाख युवाओं में से 1.40 लाख का प्लेसमेंट हो चुका है। शेष अपने हुनर को आजीविका का साधन बनाने में जुटे हैं। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का अपेक्षा के अनुरूप प्रचार-प्रसार नहीं हो पाया। स्वयंसेवी संस्थाओं ने भी इसकी तैयारी नहीं की कि युवाओं को इन योजनाओं की जानकारी देकर उन्हें अपने भविष्य का ताना-बाना इन योजनाओं से बुनने को प्रेरित कर सकें, लेकिन युवा निराश नहीं हों क्योंकि सरकार ने उनकी रचनात्मक क्षमताओं का इस्तेमाल करने का लक्ष्य तय कर लिया है।
उन्होंने हाल ही में हुई इनवेस्टर्स समिट में प्रदेश सरकार के सालाना बजट से कहीं अधिक निवेश होने का उल्लेख करते हुए कहा कि यह व्यवस्था मेें आमूल बदलाव का प्रमाण है, क्योंकि पहले जंगलराज और भ्रष्टाचार के कारण यूपी में निवेश से निवेशक कतराते थे। उन्होंने नए शिक्षण संस्थानों को नकल का केंद्र बनाने के बजाय शिक्षा की गुणवत्ता को मानकों की कसौटी पर उतारने पर बल देते हुए कहा कि यदि संकुल के पास पर्याप्त जमीन उपलब्ध है तो इसे विश्वविद्यालय योग्य व्यवस्थाओं की तैयारी शुरू कर दें।
चिन्मयानंद ने शाहजहांपुर को सुदामापुरी बनाने का किया अनुरोध
मुख्यमंत्री के संबोधन से पूर्व मुमुक्षु शिक्षा संकुल के अधिष्ठाता स्वामी चिन्मयानंद गुरुभाई के नाते योगी आदित्य नाथ से प्रगाढ़ नाता का उल्लेख करते हुए दो बार भावुक हुए। गोरक्षनाथ पीठ के महंत अवैद्य नाथ का नाम लेकर रुंधे गले से बोले कि उन्हीं की उंगली पकड़कर राजनीति की पगडंडी पर चलने की ताकत मिली। उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ के लिए मुमुक्षु परिसर नया नहीं है, लेकिन मुख्यमंत्री के रूप में पहली बार आए। गुरु अवैद्य नाथ त्रिकालदर्शी थे, क्योंकि उन्हीं के दिए नाम आदित्य की तरह मुख्यमंत्री आज संपूर्ण समाज को प्रकाशित कर रहे हैं। गोरखपुर के विकास को दृष्टिगत स्वामी चिन्मयानंद फिर कुछ क्षणों को भावुक होकर बोले गोरखपुर को द्वारिकापुरी बना दिया, लेकिन देश की स्वाधीनता में कुर्बानी देने वाले इस जिले को वैध लाभ नहीं मिले। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी मांग करके खुद को दरिद्र साबित नहीं करेंगे, लेकिन मित्र के नाते शहीदों की नगरी को सुदामापुरी बनाएंगे तो इसका सदैव उपकार मानेंगे। बाद में मुख्यमंत्री ने संबोधन में उनके अनुरोध का पूरा मान भी रखा।
कैबिनेट मंत्री खन्ना ने मुख्यमंत्री से मांगा विकास प्राधिकरण
नगर विकास मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि मुख्यमंत्री ने ग्रामीण एवं शहरी आवास, पेयजल, शिक्षा, स्वच्छता के क्षेत्र में नए कीर्तिमान बनाए। 11 लाख से अधिक लोगों को मकान का सपना पूरा किया और अब शहरी क्षेत्र में 135 लीटर प्रति व्यक्ति प्रति दिन पेयजल देने की शुरुआत हो चुकी है। खन्ना ने शाहजहांपुर को विकास प्राधिकरण देने की मांग की। कैबिनेट मंत्री ने शहीद ठाहुर रोशन सिंह के गांव नवादा दरोबस्त मेें क्षेत्रीय विधायक वीर विक्रम सिंह की मांग के अनुरूप गर्रा पर पैंटून पुल के बजाय पक्का पुल बनवाने का अनुरोध किया।