फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बारिश और तेज हवा से बिजली नेटवर्क ध्वस्त, फसलें खेतों में बिछीं

विज्ञापन
विज्ञापन
शाहजहांपुर। दो दिन से हो रही बारिश ने मौसम के मिजाज तो नर्म किए पर ग्रामीण क्षेत्रों में धान, गन्ना, बाजरे की फसलों के साथ शहर के बिजली नेटवर्क को बुरी तरह झकझोर दिया। बारिश गुरुवार शाम से ही शुरू हो गई थी। शाम छह बजे तक 24.5 मिमी बारिश होने के बाद बूंदाबांदी का दौर कुछ देर थमा रहा। बाद में फिर फुहारें गिरने लगीं और रात 11 बजे तक बरसात जोरों पर आ गई। इसके बाद पूरी रात और शुक्रवार सुबह सात बजे तक जमकर पानी बरसा। इस दौरान 31.5 मिमी बारिश और रिकार्ड की गई। तेज हवा चलने से खेतों की गीली मिट्टी से फसलें उखड़कर गिरने लगीं और बिजली नेटवर्क क्षतिग्रस्त होने लगा। कई स्थानों पर एलटी लाइनों के तार आपस में उलझ जाने से हुए शार्ट सर्किट से बिजली सप्लाई ठप हो गई तो कई जगहों पर डबल फेसिंग या फिर एक फेस बंद होे जाने से बिजली आपूर्ति बाधित हुई। विभिन्न तहसीलों में गन्ना, बाजरा आदि फसलें खेतों में बिछ गईं। इससे किसानों के माथे पर परेशानी की लकीरें खिंच गईं। गन्ना शोध परिषद के मौसम अनुभाग के अनुसार बृहस्पतिवार को दोपहर बाद से शुक्रवार को सुबह सात बजे तक 56 मिमी बारिश रिकार्ड की गई।
विज्ञापन

कई इलाकों में घंटों रहा ब्लैक आउट
बारिश के साथ हवा के तेज झोंकों से बिजली नेटवर्क इस कदर तहस-नहस हो गया कि शहर के कई इलाकों में आधी रात के बाद से घंटों ब्लैक आउट बना रहा। लोधीपुर में एनटीआई के पास लगा ट्रांसफार्मर पानी चले जाने से खराब हो गया। इससे लोधीपुर समेत आसपास की कई कालोनियों के सैकड़ों घरों में सुबह होने तक अंधेरा छाया रहा। इधर, कचहरी के पश्चिमी गेट के पास एक पेड़ की डाल 11 केवी लाइन पर गिर पड़ी। लाइन फाल्ट के चलते आसपास के क्षेत्र में दोपहर तक बिजली संकट बना रहा। इस बीच, ककरा कलां सब सटेशन के आनंदपुरम फीडर की लाइन पर शार्ट सर्किट के कारण वोल्टेज इतना गिर गया कि पंखे, कूलर, जेट पंप, सबमर्सिबल आदि बिजली के उपकरण दिखावटी बनकर रह गए।
फसलों के लिए घातक साबित हुई तेज हवा
खरीफ सीजन में धान, बाजरा आदि पकने को तैयार खड़ी फसलों को बारिश से ज्यादा नुकसान नहीं पहुंचा, लेकिन बरसात के साथ तेज हवा घातक साबित हुई। दरअसल, लगातार कई घंटे बारिश से खेतों की मिट्टी इतनी नम हो गई कि पौधों की जड़ें ढीली पड़ गईं। ऐसे में तेज हवा चलने से गन्ना, पेड़ी समेत धान और बाजरा की पौध जड़ से उखड़ कर खेतों में गिर गई। कलान क्षेत्र के विक्रमपुर, तिहारखेड़ा, बाराकलां, श्रीनगर, खजुरी, पटना, गुंदौरा दाउदपुर आदि गांवों में बाजरा की 60 फीसदी फसल चौपट हो गई। इधर, पुवायां और तिलहर तहसील समेत सदर तहसील के सेहरामऊ दक्षिणी इलाके में गन्ना और धान की फसल को काफी क्षति पहुंची।
विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें