दारुल उलूम का कहना है कि रिश्ते के लिए लड़की का फोटो खींचना और उसे इंटरनेट के जरिये लड़के वालों के पास भेजना शरीयतन जायज नहीं है। 12 दिसंबर 2012 को ऑनलाइन पूछे गए सवाल संख्या 43443 के जवाब में दारुल उलूम ने यह जवाब दिया है।
अपने सवाल में एक युवती ने मुफ्तियों से पूछा था कि ई-मेल से लड़की का फोटो लड़के वालों के पते पर भेजना शरीयत की नजर में जायज है या नहीं? और अगर मां-बाप फोटो लेने के लिए लड़की से पूछताछ करें तो लड़की को क्या करना चाहिए?
दारुल उलूम के मुफ्तियों ने शरीयत के अनुसार बुधवार जवाब दिया। जवाब संख्या एम=2/1434/175-175 में उन्होंने कहा है कि बहुत जरूरत के बिना फोटो खींचना और खिंचवाना शरीयत में हराम और पाप है। रिश्ते का चुनाव फोटो के बगैर भी हो सकता है। लड़की के मां-बाप फोटो लेने के लिए लड़की से पूछताछ करें तो लड़की को चाहिए कि वह उन्हें समझाए और फोटो के गलत इस्तेमाल के बारे में आगाह करें।