धनघटा क्षेत्र के परसा गांव के खरबुजहिया टोला में एक दंपति सोमवार की रात संदिग्ध परिस्थतियों में झुलस गए। दोनों को गंभीर अवस्था में मेडिकल कालेज रेफर किया गया है। झुलसे दंपति वार्ड 32 से जिला पंचायत सदस्य चुनी गईं कौशल्या देवी के बेटे-बहू हैं।
इस मामले में झुलसी महिला के पिता ने ससुरालीजनों पर प्रताड़ना का आरोप लगाया है। हालांकि इस संबंध में फिलहाल कोई तहरीर नहीं दी गई है।
जबकि झुलसे युवक के पिता का कहना है कि खाना बनाते समय बहू की साड़ी में आग लग गई थी। गांव वालों ने बताया कि जिला पंचायत सदस्य कौशिल्या देवी पत्नी हरिदास के पुत्र धर्मराज उर्फ भोला और पतोहू सीमा 30 वर्ष अपने तीन बच्चों के साथ गांव वाले मकान में रहते है।
जबकि कौशिल्या और उनके पति अपने दूसरे बेटे के परिवार के साथ गांव के बाहर बने मकान पर निवास करते है। सोमवार की रात करीब नौ बजे जब धर्मराज उर्फ भोला के मकान से चिल्लाने की आवाज गांव के लोगों ने सुनी तो तमाम लोग मौके पहुंच गए।
उस दौरान धर्मराज और उनकी पत्नी सीमा जल रहे थे। गांव के लोग किसी तरह आग को बुझाई। झुलसे दंपति को उनके परिजन पहले सीएचसी मलौली ले गए, जहां उनकी हालत गंभीर देख डॉक्टरों उन्हें मेडिकल कॉलेज गोरखपुर रेफर कर दिया।
मेडिकल कॉलेज प्रतिनिधि के अनुसार झुलसी सीमा के पिता रामदरश निषाद का आरोप था शादी के बाद से ही उसके ससुराल के लोग उसे प्रताड़ित कर रहे थे।
आरोप था मकान में बने एक कमरे को लेकर घर में विवाद चल रहा था। उनका आरोप है कि उनकी बेटी को जलाकर मारने की कोशिश की गई है। गांव लौटने के बाद इस मामले में केस दर्ज कराएंगे।
जबकि धर्मराज के पिता हरिदास ने बताया कि गैस पर खाना बनाते समय बहू की साड़ी में आग लग गई थी। उसे बचाने में बेटा भी झुलस गया। बेटे दुबई में काम करता था और चुनाव में घर आया था।