तेज आंधी और तूफान से अंधेरा छा गया।
मेंहदावल क्षेत्र में दिनभर धूप और शाम को आंधी और फिर हल्की बारिश। मंगलवार को जिले के कुछ स्थानों पर ऐसा ही मौसम रहा। इस बदले मौसम से लोगों ने एक ओर राहत की महसूस की। वहीं जल्द बारिश की उम्मीद भी जग गई।
अप्रैल भर और मई के प्रथम सप्ताह में लोग सूर्य की तपिस से परेशान रहे। मंगलवार को शाम करीब चार-पांच बजे अचानक ही तेज हवा चलने लगी। धीरे-धीरे यह हवा आंधी में तब्दील हो गई और फिर बारिश होने लगी। बच्चों के साथ ही बड़ों में भी इस बदले मौसम का पूरा आनंद लिया। वहीं डॉ. सुरेंद्र देव त्रिपाठी ने कहा इस शुरूआती बारिश में भीगना खतरे से खाली नहीं है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए। इस कारण ये लोग बारिश में भीगने से बचें, वरना सर्दी, खांसी और बुखार के शिकार हो सकते हैं।
वहीं महुली थाना क्षेत्र के भिटिनी कला गांव निवासी गोल्हई पुत्र स्वर्गीय श्याम लाल सोमवार की देर रात अपने परिवार के लोगों के साथ झोपड़ी में सोने जा रही थी। इसी बीच दौरान आकाश में तेज आवाज के साथ बिजली झोपड़ी पर आकर गिरी। जिससे उसकी मां किसमती देवी मामूली रूप से झुलस गई। वहीं बिजली गिरते ही झोपड़ी में आग लग गई। शोर मचाने पर सो रहे कमलदेव, भजुराम, अनुप कुमार आदि ने भाग कर जान बचाई। गांव वाले जब तक कुछ समझ पाते तब तक झोपड़ी जल गई।
इससे झोपड़ी में बंधी बकरी भी जलकर मर गई। ग्राम प्रधान मनोज तिवारी ने बताया कि आग से लगभग 60 से 70 हजार का नुकसान हुआ है। सूचना पर मंगलवार को हल्का लेखपाल भी मौके पर पहुंचे।