धनघटा। विकास खंड पौली के सर्वाधिक आबादी वाले गांव मडपौना में कराए गए विकास कार्यों में कमीशन के बंटवारे को लेकर शनिवार को शाम प्रधान प्रतिनिधि और सचिव ब्लॉक परिसर में भीड़ गए। एक दूसरे पर मारने पीटने का आरोप लगाते हुए थाने की तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है।
प्रधान प्रतिनिधि शत्रुघन कुमार का आरोप है कि उनके गांव में मनरेगा के तहत कच्ची सड़क का निर्माण कराया गया था। दूसरी सड़क बनवाने के लिए फाइल को लेकर ग्राम पंचायत अधिकारी के पास पहुंचे। आरोप है कि ग्राम पंचायत अधिकारी कमीशन के रूप में 50,000 की मांग की। तत्काल में कमीशन राशि देने में असमर्थता जाहिर की तो वह दूसरी फाइल पर हस्ताक्षर करने से इन्कार करते हुए अपशब्द का कहने लगे। जिस पर एतराज किया तो मारपीट पर आमादा हो गए।
प्रधान प्रतिनिधि का आरोप है कि ग्राम पंचायत अधिकारी बगैर कमीशन लिए किसी भी फाइल पर हस्ताक्षर नहीं करते हैं। उनके खिलाफ कार्रवाई के प्रधान प्रतिनिधि ने थाने पर तहरीर दी है। दूसरी तरफ ग्राम पंचायत अधिकारी रमाकांत ने कहा कि ग्राम पंचायत मडपौना में बगैर कार्य कराएं भुगतान लेने का प्रयास प्रधान प्रतिनिधि हमेशा करते हैं। जब उनको नियम के तहबढ़ कार्य करने के लिए कहा जाता है तो वह गलत तरीके से कराए जाने वाले कार्यों की फाइल पर हस्ताक्षर करने के लिए दबाव बनाते हैं।
शनिवार के शाम प्रधान प्रतिनिधि ने जबरन फाइल पर हस्ताक्षर कराने का प्रयास किया। जब उस फाइल को नियम के तहत बनाए जाने के लिए कहा गया तो झूठा आरोप लगाकर फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी। ग्राम पंचायत अधिकारी ने मारपीट की घटना से इन्कार करते हुए कहा कि नियम को दरकिनार कर कोई भी ऐसा कार्य नहीं किया जाएगा जो जनहित में न हो। उन्होंने कहा कि इस घटना से उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया है।