संतकबीरनगर। शहर में पिछले एक सप्ताह से लड़खड़ाई बिजली आपूर्ति की व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए बनारस से लाया जा रहा ट्रांसफार्मर शहर के बाहर नो इंट्री में फंस गया। इस वजह से शहर के साथ ही मगहर कताई मिल फीडर से जुड़े उपभोक्ताओं को मंगलवार को भी बिजली संकट से जूझना पड़ा। गर्मी में बिजली कटने से लोग पसीने से तरबतर हो गए। व्यापारियों, विद्यार्थियों और गृहिणियों को ज्यादा दुश्वारियां झेलनी पड़ीं।
बिजली उपकेंद्र खलीलाबाद में लगा ट्रांसफार्मर बदले जाने के बाद भी हीट हो रहा है। बनारस से आए इंजीनियर भी समस्या से निजात नहीं दिला पा रहे हैं। अब नया ट्रांसफार्मर मंगाया जा रहा है। मंगलवार को वह शहर के बाद मेहदावल बाईपास के पास नो इंट्री में फंस गया। देर शाम को नो इंट्री खत्म होने के बाद उसे उपकेंद्र लाने की तैयारी है। उसके बाद अगले दिन उसे लगाया जाएगा। बिजली कर्मियों का कहना है कि व्यवस्था सुधारने में अभी कुछ और दिन लग सकते हैं।
इधर, मंगलवार को गर्मी बढ़ गई। चटख धूप से लोग परेशान नजर आए। ऐसे में रह-रहकर बिजली गुल होने से शहरवासियों को परेशानी झेलनी पड़ी। बिजली उप केंद्र खलीलाबाद में लगा दस एमवीए का ट्रांसफार्मर एक सप्ताह पूर्व जल गया। उसके बाद देहात फीडर से इन क्षेत्रों को बिजली की आपूर्ति शुरू की गई और बनारस से मंगाकर नया ट्रांसफार्मर लगाया गया। वह टांसफार्मर लगने के बाद से ही लगातार गर्म हो रहा है।
ऐसे में बनारस से इंजीनियरों को बुलाया गया, लेकिन वे भी दिक्कत दूर नहीं कर पाए। इसका असर यह है कि शहर के टाउन एक और टाउन दो से जुड़े बिजली उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ गई है। शहर के अंसार टोला, गोरखल, बनियाबारी, बरई टोला, पठान टोला, बरदहिया बाजार, बगहिया सहित कई क्षेत्रों में देहात फीडर से बिजली की आपूर्ति जैसे-तैसे चल रही है। इसके कारण दिन में बार-बार बिजली गुल हो रही है। एक मोहल्ले में बिजली दी जा रही है तो दूसरे मोहल्ले में आपूर्ति रोकनी पड़ रही है।
आठ से 10 घंटे ही मिल पा रही बिजली
शहर को 22 से 24 घंटे बिजली आपूर्ति देने के निर्देश हैं, लेकिन पिछले एक सप्ताह से आठ से दस घंटे ही बिजली आपूर्ति हो रही है। वह भी कई शिफ्टों में हो रही है। इसके कारण जहां जलापूर्ति में बाधा खड़ी हो रही है। वहीं बिजली के उपकरण बेकार साबित हो रहे हैं। इस समय नवरात्र व रजमान चल रहा है। ऐसे में बिजली न रहने से परेशानी उठानी पड़ रही है।
कताई मिल फीडर से जुड़े गांवों में संकट बढ़ा
ट्रांसफार्मर की खराबी के चलते कताई मिल फीडर सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। इससे जुड़े करीब 200 गांवों के उपभोक्ता बिजली संकट से जूझ रहे हैं। इसमें गड़सरपार, सेमरी, लक्ष्मीपुर निचौरा, बरईपार, नहसापार, चकदही, केरमुआ माफी, धरैची, दुबौली, कटबंध, शिवापार आदि गांव शामिल हैं। सुबह करीब दस बजे बिजली कट जा रही है और शाम के छह बजे बिजली आती है। करीब एक घंटे आपूर्ति होने के बाद सात बजे बिजली फिर कट जा रही है और रात्रि में करीब दस बजे बिजली आ रही है। इसके बाद भी बिजली की आवाजाही बनी हुई है। लोगों के घरों में छत पर लगी पानी की टंकी सूख जा रही है। पंखा, कूलर, टेलीविजन बेकार साबित हो रहे हैं। बिजली उपभोक्ता इस्लाम, राम नरायन, हरेंद्र कुमार, रामफल आदि ने कहा कि बिजली कटौती के कारण काफी परेशानी हो रही है।
ट्रांसफार्मर जलने के बाद उसे बदला गया था, लेकिन वह बार-बार हीट हो जा रहा है। इसके कारण दूसरा ट्रांसफार्मर मंगवाया गया है। बुधवार को ट्रांसफार्मर को बदला जाएगा। इसके बाद बिजली आपूर्ति में आ रही दिक्कत दूर हो जाएगी।
- दिव्य रंजन, अधिशाषी अभियंता