संतकबीरनगर। न्यायालय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश एसटीसी प्रथम महेंद्र कुमार सिंह मारपीट के मामले में दोषी दो भाइयों को पांच-पांच वर्ष और उनके पिता को तीन वर्ष की सजा सुनाई। इसके साथ ही तीन दोषियों पर सात-सात हजार रुपये का अर्थदंड लगाया। अर्थदंड न अदा करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अभिमन्यु पाल ने बताया कि धर्मसिंहवा क्षेत्र के बौरब्यास निवासी रघुराम चौरसिया ने पुलिस को तहरीर दी थी। लिखा था कि 14 जून 2011 को समय करीब 3:00 बजे अजीज और उसके बेटे नियाज अहमद तथा इजहार अहमद अपनी दीवाल से बढ़कर छत का बारजा निकाल रहे थे। उसके भाई रामानुज ने बारजा बनाने से रोका। उससे नाराज होकर आरोपियों ने गाली-गलौज और जानमाल की धमकी देते हुए लाठी डंडे, लात- मुक्का से लीटकर घायल कर दिया। घटना को गांव के कई व्यक्तियों ने देखा और बीच बचाव किया। आरोपी जानमाल की धमकी देते हुए भाग गए।
इस मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। विवेचक ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। अभियोजन की तरफ से 11 गवाहों की गवाही कराई गई। गवाहों के बयान के आधार पर दोष सिद्ध होने पर दोषी नियाज अहमद, इजहार अहमद को पांच-पांच वर्ष के साधारण कारावास की सजा सुनाई गई और सात-सात हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया। अर्थदंड अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अजीज को तीन वर्ष के साधारण कारावास की सजा सुनाई गई तथा सात हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया।